बचत भवन में पंचायत चुनाव की तैयारियों की समीक्षा करते हुए डीएम पंकज यादव ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि अब वे इलेक्शन मोड में आ जाएं। साथ ही कहा कि चुनाव को शांतिपूर्वक संपन्न कराने के लिए अधिकारी अपनी जिम्मेदारियों का गंभीरता से निर्वहन करें।
शनिवार को डीएम ने पुलिस और प्रशासनिक अफसरों की बैठक ली। कहा कि नगर और देहात, दोनों ही क्षेत्रों में असामाजिक तत्वों को मुचलका पाबंद किया जाए। उनके शस्त्र लाइसेंस निरस्त किए जाएं। बताया कि चुनाव चार चरणों में संपन्न हो रहा है। प्रथम चरण में ब्लॉक जानी खुर्द, रोहटा और मेरठ हैं।
इसके लिए नामांकन 28 से 29 सितंबर को और मतदान नौ अक्तूबर को होगा। द्वितीय चरण में ब्लॉक रजपुरा, खरखौदा, माछरा में नामांकन एक से तीन अक्तूबर तक होगा और मतदान 13 अक्तूबर को होगा। तृतीय चरण में ब्लॉक मवाना, हस्तिनापुर, परीक्षितगढ़ में नामांकन छह से सात अक्तूबर तक होगा और मतदान 17 अक्तूबर को होगा। चौथे और अंतिम चरण में ब्लॅाक दौराला, सरधना, सरूरपुर खुर्द में नामांकन नौ से 10 अक्तूबर तक होगा और मतदान 29 अक्तूबर को होगा।
आचार संहिता का हो पालन
डीएम ने कहा कि आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है और सभी प्रत्याशियों व उनके समर्थकों से अपेक्षा की जाती है कि वे इसका पालन करें। इसके उल्लंघन पर संबंधित थानाध्यक्ष, मजिस्ट्रेट और आरओ जिम्मेदार होेंगे। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि चुनाव में किसी भी तरह का प्रलोभन देने वाले पर सख्त कार्रवाई की जाए। उप जिलाधिकारियों को निर्देशित किया कि वह पुलिस क्षेत्राधिकारी से समन्वय कर संवेदनशील, अति संवेदनशील और अति संवेदनशील प्लस मतदान केन्द्रों का चिह्नीकरण कर अपनी आख्या प्रस्तुत करें। दौरे की वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी भी अवश्य कराएं। उन्होंने कहा कि अति संवेदनशील प्लस गांवों का दौरा वे खुद और चार एडीएम के साथ वरिष्ठ पुलिस अधिकारी करेंगे। उन्होंने बताया कि मतदान की तारीख से मतदान समाप्त होने के समय से 48 घंटे पूर्व चुनाव प्रचार बंद हो जाना चाहिए और ऐसा न करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।
मतदाताओं को दें सादी पर्ची
डीएम ने कहा कि मतदाताओं को मतदान पर्ची सादे कागज पर ही दी जाए। उस कर कोई प्रतीक चिह्न या प्रत्याशी का नाम नहीं होना चाहिए। उन्होंने बताया कि आयोग ने पंचायत चुनाव में प्रत्याशियों के लिए खर्च सीमा निर्धारित कर दी है। इसके तहत क्षे़त्र पंचायत सदस्य प्रत्याशी 75 हजार रुपये, जिला पंचायत सदस्य डेढ़ लाख, प्रधान 75 हजार और ग्राम पंचायत सदस्य प्रत्याशी 10 हजार रुपये खर्च कर सकते हैं।
अवैध शराब रोकें, व्हाट्सएप ग्रुप बनाएं
डीएम ने जिला आबकारी अधिकारी को निर्देश दिए के वे गांवों में अवैध और जहरीली शराब की बिक्री न होने दें। इसके लिए लगातार छापेमारी करें। एसपी देहात एमएम बेग ने पुलिस अफसरों को निर्देशित किया कि थानों में चुनाव रजिस्टर अवश्य बनाएं और लाइसेंसी शस्त्र के दुरुपयोग पर संबंधित थानाध्यक्ष जिम्मेदार होंगे। साथ ही चुनाव को सकुशल संपन्न कराने के लिए पुलिस अधिकारियों का व्हाट्सएप ग्रुप बनाकर सूचनाओं का आदान- प्रदान किया जाएगा। बैठक में सीडीओ नवनीत सिंह चहल, एडीएम प्रशासन दिनेश चंद्र, एसपी सिटी, ओम प्रकाश, एसपी ट्रैफिक पीके तिवारी, नगर मजिस्ट्रेट केशव कुमार, उपजिलाधिकारी मेरठ रवीश गुप्ता, सरधना ब्रजभान सिंह राठौर, एसीएम शिव कुमार, जिला पंचायत राज अधिकारी अनिल कुमार सिंह, सहायक निर्वाचन अधिकारी पंचायत केके मिश्रा आदि मौजूद रहे।
शिकायत प्रकोष्ठ बना
सीडीओ नवनीत सिंह चहल ने बताया कि पंचायत चुनाव के लिए जिलास्तर पर शिकायत प्रकोष्ठ की स्थापना की गई है। इसका गठन सहायक निदेशक (बचत) विकास भवन, कमरा नंबर 40 में किया गया है। दूरभाष और फैक्स नंबर 0121-2665711 है।