जेल अधीक्षक बोले- हाईकोर्ट में भी सरकारी वकील मुहैया कराया जाएगा
28 अप्रैल को साहिल अपने बचाव में न्यायालय में पेश कर सकता है गवाह
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। बहुत चर्चित सौरभ हत्याकांड के आरोपी मुस्कान और उसका प्रेमी साहिल को सजा की आशंका होने लगी है। उन्होंने जेल अधीक्षक से पूछा है कि अगर जिला अदालत में उनके खिलाफ फैसला आता है तो हाईकोर्ट में उनका केस कौन लड़ेगा। जेल अधीक्षक ने उन्हें आश्वस्त किया है कि हाईकोर्ट में केस लड़ने के लिए भी उन्हें सरकारी वकील मुहैया कराया जाएगा।
जिला शासकीय अधिवक्ता कृष्ण कुमार चौबे ने बताया कि मंगलवार को हत्यारोपी मुस्कान और साहिल शुक्ला से न्यायालय में पेशी के दौरान 32-32 सवाल पूछे गए थे। इस दौरान उन्होंने गवाहों द्वारा लगाए गए हर आरोप को नकारकर खुद को निर्दोष बताया था। मुस्कान ने कहा था कि उन्हें संपत्ति के लिए फंसाया गया। न्यायालय ने दोनों से पूछा कि क्या वह अपने बचाव में कोई साक्ष्य या गवाह देना चाहते हैं। मुस्कान ने इन्कार कर दिया लेकिन साहिल ने गवाह पेश करने के लिए कहा है। इस केस में अब 28 अप्रैल को सुनवाई होगी और साहिल अपने बचाव में गवाह पेश कर सकता है।
जेल अधीक्षक डॉ. वीरेशराज शर्मा का कहना है कि मुस्कान और साहिल दोनों की जेल में काउंसलिंग की गई है। इससे उनके व्यवहार में काफी बदलाव है। मुस्कान पूजा-पाठ करती है। जबसे उसे न्यायालय में पेशी पर जाने की जानकारी हुई तो उसने पूजा-पाठ का समय बढ़ा दिया था। वह तीन दिनों से उपवास पर थी। साहिल जेल में सब्जी उगाने का काम करता है। जब भी दोनों की कोर्ट में वीडियो कॉन्फ्रेंस से पेशी होती है तब वह एक दूसरे को देख सकते हैं। मंगलवार को कोर्ट में दोनों एक ही वाहन से गए थे और लगभग एक घंटा 50 मिनट तक साथ रहे थे।
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