कारोबारियों का कहना है कि इस व्यक्ति ने एक लॉटरी भी अपने यहां डाल रखी थी। इस लॉटरी में भी उसने कई जिलों के हजारों कारोबारियों को जोड़ रखा था, लेकिन न तो उधार की रकम लौटाई गई और न ही लॉटरी के रुपये दिए। परतापुर इंस्पेक्टर आनंद प्रकाश मिश्र ने आरोपी व्यक्ति को को भी थाने पर बुलवा लिया।
पता चला कि सभी कारोबारियों ने अवैध तरीके से अपना धन उधार दिया था। उधर आरोपी ने पुलिस को बताया कि वह यहां के उद्योगपतियों से पैसा लेकर बड़े उद्योगपतियों को और ज्यादा ब्याज पर देता था। इसमें उसका पैसा डूब गया। मेरठ के भी एक बड़े उद्योगपति पर कई करोड़ रुपये डूबने की बात बताई।