सहारनपुर में थाने के एक पुलिसकर्मी का रिश्वत मांगने का ऑडियो वायरल होने से हड़कंप मच गया है। ऑडियो में पुलिसकर्मी बिना पैसे के जमानत के लिए कागज आगे बढ़ाने से इंकार कर रहा है। यही नहीं वह पुलिस महकमे के साथ अन्य महकमों को भी कटघरे में खड़ा कर रहा है।
वायरल हो रहे बड़गांव थाने के एक पुलिसकर्मी के ऑडियो में एक पुलिस कर्मी महकमे में बिना पैसे कोई काम नहीं होने बात कहकर थाने के दरोगा, इंस्पेक्टर पर भी पैसा लेने का आरोप लगा रहा है। ऑडियो क्षेत्र के चर्चित शब्बीरपुर कांड में जेल काट रहे दो आरोपियों के जमानतियों का वेरिफिकेशन करने के संबंध में बातचीत का है। 28 मिनट के इस ऑडियो में पुलिस कर्मी पैसे मांगते हुए विभाग में बिना पैसे कोई कार्य नहीं होने की बात कह रहा है और जमानत वेरिफिकेशन के लिए एक व्यक्ति से व्यापारी की तरह मोलभाव कर रहा है। फरियादी कम पैसे की बात कहता है तो पुलिसकर्मी दरोगा, इंस्पेक्टर द्वारा भी हस्ताक्षर करने के पैसे लेने की बात कह रहा है।
ऑडियो में वह कह रहा है कि विनोद शर्मा से पूछ लो उसने जमानत के लिए कितना दिया आप उससे कुछ कम दे देना। फरियादी ऑडियो में गिड़गिड़ाता है तो पुलिसकर्मी न्याय व्यवस्था तक को भी कटघरे में खड़ा कर देता है। वह कह रहा है कि अभी वहां भी शराब की छह बोतलें देकर आया हूं, बिना पैसे कुछ नहीं होता चाहे किसी से पूछ लो। इतना ही नहीं फरियादी मामले में झूठे फंसाने की बात कहता है तो पुलिसकर्मी जिलाधिकारी पर भी कटाक्ष करते हुए कह रहा है कि वह सिर्फ आदेश करते हैं झेलना पुलिस को ही पड़ता है। डीएम कार्यालय में कार्रवाई की पुलिस से फोटो मांगी जाती है, फोटो देते हैं तो बोला जाता है पेन ड्राइव में लेकर आएं। इसके लिए दरोगा पैसा कहां से लाएगा। हम भी घर से बाहर ही रहते हैं। सरकार हमें टीए डीए भी कई महीनों में देती है। फरियादी पुलिसकर्मी को एक हजार रुपये देने की बात कहता, लेकिन पुलिस कर्मी ऑडियो में एक हजार रुपये प्रत्येक जमानती की मांग पर अड़ा रहता है। बाद में फरियादी सौदा न पटने पर लौट जाता है।