सोमवार सुबह पूठ गांव के नजदीक गंगनहर में हवन की राख बहाने आए जल निगम के सेवानिवृत्त अधीक्षण अभियंता का पैर फिसल गया और वह नहर में डूब गए। हालांकि, उन्हें डूबते देखकर कुछ लोगों ने बचाने का भी प्रयास किया। इसके बाद पुलिस व पीएसी के गोताखोरों ने उनकी तलाश में अभियान चलाया, लेकिन सफल नहीं हो सके।
जानकारी के मुताबिक, मेरठ शहर के बागपत रोड पर कालोद कॉलोनी निवासी नरेंद्र कुमार जल निगम के सेवानिवृत्त अधीक्षण अभियंता हैं। बताया गया कि उनके यहां कई दिनों से हवन चल रहा था। सोमवार सुबह वह ड्राइवर के साथ कार से हवन की राख गंगनहर में डालने आए थे।
गंगनहर में राख डालने के लिए जैसे ही पटरी से नीचे उतरे तो अचानक उनका पैर फिसल गया और वह गंगनहर के पानी में समा गए। उन्हें बचाने की कोशिश की गई, लेकिन सफलता नहीं मिल पाई। शोर मचाने पर मौके पर भीड़ एकत्र हो गई। सूचना पर पुलिस के अलावा पीएसी के गोताखोर मौके पर पहुंचे और उनकी तलाश के लिए सर्च अभियान चलाया। समाचार लिखे जाने तक नरेंद्र गोयल का पता नहीं लग सका था।