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अकाउंटेंट की हत्या के पीछे गहरी साजिश, जानिए, पुलिस के निशाने पर कौन ?

Wed, 22 Feb 2017 12:24 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/ मेरठ
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फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
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पब्लिकेशन हाउस के अकाउंटेंट की हत्या के पीछे गहरी साजिश सामने आ रही है। भाड़े के शूटरों द्वारा वारदात को अंजाम दिलाया गया। जुहेब के मोबाइल फोन में हत्या का राज छुपा हो सकता है। क्योंकि बदमाश वारदात के बाद जुहेब के दोनों मोबाइल फोन ही लेकर भागे थे। दोनों मोबाइल फोन डबल सिम के थे। जिनके चारों नंबरों की पुलिस ने सीडीआर निकाली है। पुलिस का कहना है कि जुहेब के नोएडा की एक युवती से संबंध थे। जिसकी जांच की जा रही है।
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लालकुर्ती के मैदा मोहल्ला निवासी जुहेब आलम उर्फ साहिल खान की सोमवार सरेशाम सूरजकुंड के पास शराब की कैंटीन में दो बदमाशों ने अंधाधुंध गोलियां बरसाकर हत्या कर दी थी। जांच में जुटी पुलिस का कहना है कि जुहेब के मोबाइल फोन में कई ऐसी जानकारियां हैं, जिसके सहारे पुलिस कातिलों तक आसानी से पहुंच सकती थी। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि गोली मारते समय एक बदमाश बोला था कि इसका मोबाइल फोन छीन लो, इसी से अंदाजा लगाया कि हत्या के पीछे गहरी साजिश है।

पुलिस ने शराब की कैंटीन और सूरजकुंड के आसपास में लगे सीसीटीवी कैमरे भी खंगाले है। ताकि कोई महत्वपूर्ण क्लू हाथ लग जाए। पुलिस का दावा है कि जुहेब के मोबाइल की सीडीआर में नोएडा की एक युवती का नंबर मिला है। जिस पर जुहेब की काफी बातचीत होती थी।
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दूसरे साथी की मिलीभगत से मर्डर
पुलिस के अनुसार जुहेब के साथ एक ओर युवक था। जोकि जुहेब के साथ पब्लिकेशन हाउस से बाइक से कैंटीन में पहुंचा था। दोनों ने अंग्रेजी शराब की एक बोतल खरीदी थी और कैंटीन में बैठकर शराब पीने लगे थे। इसी दौरान जब बदमाशों ने जुहेब पर गोलियां बरसाई थीं, तो वह साथी वहां से भाग गया था। इससे साफ जाहिर है कि युवक कातिलों से मिला हुआ था। युवक की हत्यारों से मिलीभगत से भी मर्डर की वारदात हो सकती है।

50 लाख वाला मामला तो नहीं?  
जुहेब के पिता सुल्तान का कहना है कि दो साल पहले पब्लिकेशन हाउस में 50 लाख रुपये की चोरी का मामला उनके बेटे ने उजागर किया था। जिसके बाद पब्लिकेशन हाउस के मालिक ने उसको प्रमोशन देकर सारी जिम्मेदारी भी सौंपी थी। मालिक और मालकिन को जुहेब पर बहुत विश्वास था। 50 लाख की चोरी का भंडाफोड़ करने पर  जुहेब की कुछ लोगों से दुश्मनी हो गई थी। हत्या के पीछे यह भी वजह हो सकती है।

यह शूटरों का ही काम
पुलिस का मानना है कि जिस तरह से जुहेब को 12 गोलियां मारी गईं, ऐसी वारदात सिर्फ शूटर ही कर सकते हैं। बदमाशों ने एक-एक गोली जुहेब के शरीर के ऐसे पार्ट पर मारी, जहां से उसका बचना आसान नहीं था। बदमाशों ने दो गोली गुप्तांग में भी मारीं। बदमाशों का टारगेट जुहेब ही था। उनको पहले से जानकारी थी कि वह कौन सी टेबल पर बैठा है।

अंदर घुसे और बरसाई गोलियां
बदमाशों ने जुहेब से कोई बातचीत भी नहीं की। उसका नाम तक नहीं पूछा। इससे साफ जाहिर है कि उन्हें पहले से जानकारी थी कि कौन जुहेब है। बदमाशों ने सिर से गोली मारनी शुरू की और पैर तक गोलियां मारीं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में 12 गोलियों के निशान मिले हैं। हालांकि प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि बदमाशों ने 25 से अधिक गोलियां चलाई थीं।

नोएडा की युवती से होगी पूछताछ
पुलिस के मुताबिक जुहेब के मोबाइल फोन में नोएडा की जिस युवती का नंबर मिला है, उससे फोन पर बात की गई। युवती ने पुलिस को बताया कि उसे इस मर्डर के बारे में कोई जानकारी नहीं है। इस संबंध में पुलिस की एक टीम नोएडा के लिए रवाना हो गई है। युवती अलग समुदाय की बताई गई है।
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