मोदीपुरम। राष्ट्रीय परशुराम परिषद ने चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय मेरठ में परशुराम राष्ट्रीय शोध पीठ स्थापित करने का औपचारिक प्रस्ताव प्रदेश सरकार को सौंपा। संस्थापक अध्यक्ष व श्रम कल्याण बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष पं. सुनील भराला और महासचिव प्रो. डॉ. राजाराम यादव ने लखनऊ विधानसभा में उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. योगेन्द्र उपाध्याय से भेंट करके उन्हें ज्ञापन दिया।
प्रदेश के तीन प्रमुख विश्वविद्यालयों सीसीएसयू मेरठ, पूर्वांचल विश्वविद्यालय जौनपुर और बुन्देलखण्ड विश्वविद्यालय झांसी में शोध पीठें स्थापित करने का अनुरोध किया गया। पं. दीनदयाल उपाध्याय शोध पीठ की तर्ज पर भगवान परशुराम के जीवन दर्शन, आध्यात्मिकता, विज्ञान और वैश्विक एकात्मता पर शोध होगा। परिषद ने बजट सत्र में अधिनियम पारित कर प्रति पीठ 15 लाख रुपये सहित लगभग 45 लाख का वार्षिक बजट मांगा। मंत्री डॉ. उपाध्याय ने प्रस्ताव पर गंभीरता से विचार करने का आश्वासन दिया। शोध पीठ अध्यक्ष आचार्य केवी कृष्णन, प्रो. यादव ने कहा कि यह भारतीय ज्ञान परंपरा को मजबूत आधार देगी। परिषद को राज्य सरकार से शीघ्र सकारात्मक निर्णय की उम्मीद है।