उन्होंने युवाओं से अपील की कि वह नशा और आपराधिक मामलों से दूर रहकर खेलों में रुचि लें। उन्होंने गांव के जिम्मेदारों का आह्वान किया कि वह गांव में खेल सुविधाएं बढ़ाने के लिए प्रस्ताव लेकर आएं। एक सप्ताह के अंदर उनके प्रस्ताव को मंजूरी दे दी जाएगी। उन्होंने कहा कि उन्होंने अपनी सांसद निधि को खेलों के लिए समर्पित किया हुआ है। खेल सिर्फ खेल नहीं होते इनसे अनेक संसाधन भी खड़े होते हैं।
शामली विधायक प्रसन्न चौधरी ने कहा कि यदि संसाधन उपलब्ध हों तो किसान के बेटा और बेटी खेलों में भारत को अग्रणी स्थान पर लाने की क्षमता रखते हैं। कार्यक्रम में पहुंचने से पहले रालोद खेल प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी नीरपाल सिंह समेत अन्य पदाधिकारियों ने रालोद मुखिया का स्वागत किया।
यह रहे मौजूद
कार्यक्रम में खेल प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी नीरपाल सिंह, इकरा हसन, पूर्व विधायक नवाजिश आलम, पूर्व विधायक मुन्ना सिंह चौहान, पूर्व विधायक अब्दुल वारिस, सुनील रोहटा, ऋषिराज सिंह आदि ने भी विचार रखे। अध्यक्षता क्षेत्रीय अध्यक्ष योगेंद्र सिंह और संचालन प्रदेश महासचिव चौधरी धीर सिंह ने किया। इस मौके पर जिलाध्यक्ष राव कैसर, खेल प्रकोष्ठ के प्रदेशाध्यक्ष दीपक तोमर, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष जगराज सिंह, अय्यूब हसन, धर्मपाल सिंह, राजपाल सिंह, प्रमोद चौधरी, जिला महासचिव अतुल फंदपुरी, महानगर अध्यक्ष रिंकू सोनकर, प्रताप लोहिया, अशोक चौधरी, मनोज, भूरा मलिक, मुकेश सैनी, वाजिद अली, विजय कौशिक आदि रहे।
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