नलकूप हुए ठप और जलाशय के मोटर फुंके
तपती धूप में बिजली और पानी पर संकट है। नलकूप ठप और जलाशय के मोटर फूंक गए। शास्त्रीनगर, जागृति विहार सहित कई कॉलोनी में गंगाजल नहीं पहुंच पा रहा है। पानी को लोग तरस गए हैं। इसको लेकर लोगों ने हंगामा भी किया। अपर नगर आयुक्त ममता मालवीय का कहना है कि जहां पर पानी की समस्या है, वहां पर टैंकर भेजकर पानी की पूर्ति की जा रही है।
25 से ज्यादा नलकूप ठप
ट्रांसपोर्टनगर, लिसाड़ीगेट, रोहटा रोड सहित कई जगह 25 से ज्यादा नलकूप ठप हो गए हैं। 12 जलाशय के मोटर फूंक गए। गंगाजल की आपूर्ति भी प्रभावित हो रही है। पानी की सप्लाई शहर में कई जगह नहीं पहुंच पा रही है। इसे लेकर दो लाख से ज्यादा लोग पानी को तरस गए हैं। लोगों ने नगर निगम के अधिकारियों से शिकायत की। इसके बावजूद भी सुधार नहीं हो रहा है।
गंगाजल की सप्लाई हुई कम, पानी को तरस रहे लोग
गरुवर को ट्रांसपोर्टर, शास्त्रीनगर, जागृति विहार के लोगों ने निगम के जलकल विभाग में शिकायत की। आरोप लगाया कि लोग पानी को तरस रहे हैं। इसके बाद जलकल के अवर अभियंता पंकज कुमार ने कई जगह टीम भेजकर नलकूप और जलाशय की जांच कराई है। नलकूप का रिबोर और जलाशय के मोटर ठीक कराने की बात कही है।
भीषण गर्मी के कारण पाइप लाइन में गंगाजल की सप्लाई कम हो गई है। इसके चलते शास्त्रीनगर, जागृति विहार सहित कई जगह गंगाजल नहीं पहुंच पा रहा। इन्हें जलाशयों से पानी की पूर्ति कराई जा रही है। लिसाड़ीगेट सहित कई जगह निगम से टैंकर भेजकर पानी की भरपाई कराई जा रही है।
हीटवेव से झुलसा शरीर आंखों से आने लगा पानी
जून का एक पखवाड़ा बीतने को है, लेकिन गर्मी के तेवर अभी नरम नहीं पड़े हैं। हीटवेव के असर से गर्मी झुलसा रही है। शरीर का तापक्रम भी बढ़ता जा रहा है। आंखों में पानी निकल रहा है। बुधवार की रात सीजन में सबसे गर्म रात दर्ज की गई। मौसम वैज्ञानिकों की मानें तो गर्मी से 48 घंटे तक राहत के आसार नहीं है।
जून के 13 दिन में 10 दिन तापमान 40 डिग्री से ऊपर दर्ज किया गया। लगातार बढ़ता तापमान गर्मी को बढ़ा रहा है। बारिश न होने से कोई राहत नहीं दिख रही। अधिकतम तापमान 43.8 डिग्री व न्यूनतम तापमान 29.0 डिग्री सेल्सियस रिकाॅर्ड किया गया। मेरठ का एक्यूआई 181 दर्ज किया गया। जयभीमनगर 263, गंगानगर 134 रिकाॅर्ड किया।