रामानुज अनाथालय के सामने गैस गोदाम पर गैस सिलेंडर लेने के इंतजार में बैठी महिला
खुशियों के त्योहार ईद-उल-फितर से ठीक पहले मेरठ के मुस्लिम बहुल इलाकों में घरेलू गैस सिलिंडर की भारी किल्लत देखने को मिल रही है। बृहस्पतिवार को शहर के विभिन्न हिस्सों में लोग ईद की पारंपरिक खरीदारी और तैयारियों को छोड़कर घंटों गैस एजेंसियों पर लंबी कतारों में लगे नजर आए। हालांकि जिला पूर्ति विभाग का दावा है कि जिले में गैस की कोई कमी नहीं है और स्थिति को सामान्य बनाने के लिए टीमें लगातार प्रयासरत हैं।
शहर के नौचंदी मैदान स्थित गैस वितरण केंद्र पर बृहस्पतिवार सुबह से ही उपभोक्ताओं की लाइन लग गई। लोगों के बीच पहले सिलिंडर लेने की होड़ में तीखी कहासुनी और धक्का-मुक्की भी देखी गई। यही हाल हापुड़ अड्डे पर स्थित गैस एजेंसियों का रहा जहां लोग सुबह से ही अपनी बारी का इंतजार करते दिखे। स्थानीय निवासियों का कहना है कि त्योहार के समय रसोई गैस की मांग बढ़ गई है लेकिन समय पर होम डिलीवरी न मिलने के कारण उन्हें खुद एजेंसी तक दौड़ लगानी पड़ रही है।
ओटीपी सिस्टम से कालाबाजारी पर लगाम
जिला पूर्ति विभाग की सख्ती के बाद अब गैस वितरण प्रणाली में बदलाव देखने को मिल रहा है। एजेंसियों पर भीड़ कम करने के लिए उपभोक्ताओं को ऑनलाइन बुकिंग के लिए प्रेरित किया जा रहा है। गैस वितरकों के अनुसार घर बैठे बुकिंग करने से कार्यालयों पर भीड़ का दबाव कुछ कम हुआ है। विभाग ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि गैस सिलिंडर की डिलीवरी केवल ओटीपी के आधार पर ही की जाए ताकि गैस केवल वास्तविक उपभोक्ताओं तक पहुंचे और बिचौलियों द्वारा की जाने वाली कालाबाजारी पर पूरी तरह रोक लग सके।
अधिकारियों का दावा: आपूर्ति पर्याप्त, त्योहार के बाद घट जाएगी भीड़
जिला पूर्ति अधिकारी विनय कुमार सिंह ने बताया कि जिले में घरेलू गैस का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और किसी भी प्रकार की कमी नहीं है। उन्होंने कहा कि पूर्ति विभाग की टीमें लगातार गैस एजेंसियों का निरीक्षण कर रही हैं ताकि उपभोक्ताओं को परेशानी न हो। वहीं गैस वितरकों का मानना है कि त्योहार के कारण अचानक मांग में उछाल आया है जो ईद व नवरात्र बीतने के बाद सामान्य हो जाएगा। फिलहाल विभाग की प्राथमिकता हर घर तक समय पर सिलिंडर पहुंचाने की है।