मेरठ। घरेलू गैस की कालाबाजारी के बीच सिलिंडरों में घटतौली भी की जा रही है। शुक्रवार को बागपत रोड स्थित चंद्रलोक कॉलोनी में सिलिंडर में कम गैस मिलने पर लोग भड़क उठे। लोगों ने सिलिंडर वितरित कर रहे टीपीनगर की गैस एजेंसी के कर्मचारी को पकड़ लिया। इस दौरान घटतौली के मामले को लेकर जमकर हंगामा हुआ।
चंद्रलोक कॉलोनी के पार्क में शुक्रवार को आभा गैस एजेंसी की गाड़ी घरेलू सिलिंडर वितरण के लिए पहुंची। लोग अपने सिलिंडर लेकर लाइन में लगे हुए थे। इसी दौरान एक सिलिंडर में कम गैस होने का एहसास हुआ। सिलिंडर की तौल कराने पर तीन किग्रा गैस कम निकली। यह देख लोग गैस एजेंसी के कर्मचारी पर भड़क उठे। कर्मचारियों और लोगों के बीच नोकझोंक शुरू हो गई। गुस्साए लोगों ने जमकर हंगामा किया। लोगों ने स्थानीय पार्षद राजेंद्र उपाध्याय को सूचना दी। पार्षद की सूचना पर टीपीनगर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।
थोड़ी देर में पार्षद भी आ गए। पार्षद ने गैस एजेंसी के कर्मचारियों को खूब खरी-खोटी सुनाई। स्थानीय निवासी मोहन यादव ने बताया कि भीड़ की नाराजगी को देखते हुए गैस एजेंसी के कर्मचारी ने अपनी गलती मान ली और भविष्य में ऐसी लगती नहीं करने की बात कही। पार्षद ने बताया कि मेरठ में गैस की कोई कमी नहीं है। इसके बाद भी गैस का बेवजह संकट पैदा किया जा रहा है। गैस की कालाबाजारी रोकने के लिए पूर्ति विभाग से शिकायत की जाएगी।
सर्वर डाउन होने से परेशान रहे लोग
तेल कंपनियों का सर्वर डाउन होने पर शुक्रवार को लोग ऑनलाइन बुकिंग कराने को परेशान रहे। इस कारण गैस एजेंसियों पर लोगों की लाइन लगी रही। गैस एजेंसियों द्वारा मोहल्लों में बनाए गए पॉइंट पर खाली सिलिंडर लेकर लोग लाइन में लगे रहे। दो-दो घंटे लाइन में लगने के बाद लोगों को सिलिंडर मिले। जिला पूर्ति अधिकारी विनय कुमार सिंह का कहना है कि गैस की घटतौली व कालाबाजारी करना अपराध है। शिकायत मिलने पर जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।