डायट द्वारा आयोजित दो दिवसीय विस्तृत कार्यशाला में उपस्थित प्रधानाचार्य आदि। ( स्त्रोत डायट) म
मवाना। जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) द्वारा परख 2024 राष्ट्रीय शैक्षिक सर्वेक्षण के क्रियान्वयन के उद्देश्य से गंगानगर स्थित ट्रांसलम एकेडमी इंटरनेशनल में दो दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि डायट प्राचार्य मनोज कुमार आर्य, वरिष्ठ प्रवक्ता सलमान मैराज और ट्रांसलम एकेडमी के प्रधानाचार्य श्याम तिवारी ने मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया।
वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि परख 2024 केवल एक सामान्य सर्वेक्षण नहीं बल्कि देश की शैक्षिक गुणवत्ता को मापने के लिए एक वृहद और वैज्ञानिक राष्ट्रीय सर्वेक्षण है। इसकी सफलता सटीक आंकड़ों के संग्रहण और जमीनी स्तर पर प्रभावी क्रियान्वयन पर निर्भर करती है। डायट प्राचार्य ने इसे भारतीय शिक्षा प्रणाली में एक युगांतरकारी कदम बताते हुए कहा कि इसका मुख्य ध्येय रटंत विद्या को समाप्त कर बच्चों में समझ विकसित करना है।
कार्यशाला में बेसिक, माध्यमिक, सीबीएसई और मदरसा शिक्षा से जुड़े प्रमुख शिक्षाविद् एक मंच पर एकत्रित हुए। प्रधानाध्यापकों, एआरपी, प्रधानाचार्यों और डायट प्रवक्ताओं ने इसमें व्यापक स्तर पर प्रतिभाग किया। तकनीकी सत्रों का संचालन नोडल डायट प्रवक्ता गौरव त्यागी और डायट प्रवक्ता डॉ. अमित सिंह ने किया।
डायट द्वारा आयोजित दो दिवसीय विस्तृत कार्यशाला में उपस्थित प्रधानाचार्य आदि। ( स्त्रोत डायट) म