मां बेहोश, भाई ने कराया मुकदमा
इस वारदात के बाद आशीष की मां बेहोश हो गई। स्थानीय लोगों ने मां को निजी अस्पताल में प्राथमिक उपचार दिलाया। देर रात आशीष के खिलाफ योगेंद्र की तहरीर पर मुकदमा दर्ज हुआ।
दोस्त से खरीदा था तमंचा
इंस्पेक्टर भावनपुर रघुराज सिंह का कहना है कि आशीष ने पांच साल पहले अपने दोस्त से तमंचा खरीदना बताया। सवाल है कि आशीष मानसिक रोगी था तो उसके परिजनों ने उसके पास से तमंचा क्यों नहीं लिया। वारदात के बाद पुलिस ने तमंचा बरामद किया है।
मानसिक रोगी है आशीष
पुलिस के अनुसार पारुल पांच भाई-बहन में चौथे नंबर की थी। दो बहनों की शादी हो चुकी है। बड़े भाई योगेंद्र परिवार के साथ अलग रहते है। योगेंद्र ने बताया कि आशीष मानसिक रोगी है, जिसका इलाज चल रहा है। इससे पहले भी वह अपनी बहन और मां के साथ मारपीट कर चुका है। आवारा कुत्तों को खाना खिलाता था, जिसको लेकर कई बार घर में विवाद हो चुका है।