मेरठ में घायल बेटे को लेकर भटकती रही मां।
- फोटो : amar ujala
बेटे की जान बचाने के लिए मां एक अस्पताल से दूसरे अस्पताल में भटकती रही, लेकिन उसकी किसी ने सुनवाई नहीं की। बेटे को खून की उल्टी होती रहीं और मां बेबस होकर डॉक्टरों के हाथ जोड़ती रही पर किसी को तरस नहीं आया। बाद में सामाजिक संगठनों की पहल पर युवक को एक अस्पताल ने भर्ती किया।
मेरठ में बागपत रोड गंगा कॉलोनी निवासी शुभम शुक्रवार शाम बाइक से गिरकर घायल हो गया था। कुछ लोगों ने उसे मेडिकल कॉलेज में पहुंचाया और परिजनों को सूचित किया। मां अनीता ने बताया कि मेडिकल में उसका बेटा लोबी में पड़ा था, लेकिन चिकित्सकों ने उसका प्राथमिक उपचार तक नहीं किया। इस बीच जनकल्याण वेलफेयर सोसायटी के सदस्य भी मौके पर पहुंच गए। खून की उल्टी होने के कारण चिकित्सकों ने दिल्ली रेफर करने की बात कहकर अपना पल्ला झाड़ लिया। महिला बेटे को टेंपो में लेकर गढ़ रोड के पांच अस्पतालों में गई, लेकिन किसी ने भी उसे भर्ती नहीं किया। दोपहर एक बजे से शाम पांच बजे तक वह भटकती रही। बाद में रोहटा रोड बाईपास स्थित अस्पताल में युवक को भर्ती किया गया।
जन कल्याण वेलफेयर सोसायटी के अध्यक्ष दुष्यंत रोहटा ने बताया कि मेडिकल के प्राचार्य ने फोन तक नहीं उठाया। युवक अब वेंटिलेटर पर है। उसकी हालत गंभीर है। मामले की शिकायत ट्वीट के माध्यम से मुख्यमंत्री से की गई है।
ये भी पढ़ें:
. दुखद: अंतरराष्ट्रीय निशानेबाज चंद्रो तोमर का निधन, कुछ दिन पहले कोरोना पॉजिटिव आई थी रिपोर्ट
. यूपी: मानवता हुई तार-तार, तीन घंटे तक सीएचसी में पड़ा रहा शव, स्वास्थ्य विभाग पर उठ रहे सवाल