82 किमी लंबे दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ आरआरटीएस कॉरिडोर पर यह एक मात्र ऐसा स्थान होगा, जहां एक व्यस्ततम सड़क मार्ग के ऊपर से भारतीय रेल और फिर उसके ऊपर से आरआरटीएस ट्रेनों के एक साथ गुजरने का अद्भुत नजारा दिखाई देगा। यहां ईडीएफसी को पार करने के लिए आरआरटीएस के पिलर्स की ऊंचाई भी बढ़ाई गई है।
ईडीएफसी के दोनों ओर दो पिलर्स बनाकर वायाडक्ट स्पैन के सेगमेंट्स को स्थापित किया गया है। इन दोनों पिलर्स के बीच 34 मीटर का दूरी है। इस प्रक्रिया को दिल्ली-मेरठ रोड पर यातायात विभाग के सहयोग से पूर्ण किया गया। इस दौरान इस क्षेत्र में वाहनों का प्रवाह सामान्य बना रहा।
मोदी नगर की ओर से वायडक्ट निर्माण करती आ रही तारिणी ने ईडीएफसी को पार किया है और अब यह तारिणी मेरठ साउथ स्टेशन की दिशा में वायडक्ट निर्माण करेगी। इस स्पैन की स्थापना से मेरठ कि दिशा में वायाडक्ट निर्माण अगले चरण में पहुंच गया है।