मेरठ पुलिस ने एनआईए व एटीएस द्वारा खरखौदा क्षेत्र से पकड़े गए चार पीएफआई सदस्यों को चार अक्टूबर को सात दिन के रिमांड पर लिया था। इसके बाद इन्हें न्यायालय में पेश किया गया। पूछताछ में आतंकवादी गतिविधियां बढ़ाने के लिए अलग-अलग तरीके से नेटवर्क फैलाए जाना स्वीकार किया था।
एनआईए व एटीएस द्वारा मेरठ के खरखौदा क्षेत्र से पकड़े गए चार पीएफआई सदस्यों को पुलिस ने चार अक्टूबर को सात दिन के रिमांड पर लिया था। जहां एनआईए, एटीएस सहित पुलिस की कई टीमों ने उनसे पूछताछ की थी। सोमवार को सात दिन का रिमांड समाप्त होने पर उन्हें न्यायालय में पेश किया गया।
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सीओ किठौर अमित कुमार राय के अनुसार एनआईए व एटीएस द्वारा खरखौदा क्षेत्र से कैराना शामली के मामोर ग्राम प्रधान पति मौलाना साजिद, सोंटा रसूलपुर थाना भवन शामली निवासी मोहम्मद शादाब अजीम कासमी, नेकपुर मुरादनगर गाजियाबाद निवासी मुफ्ती शहजाद व जोगिया खेड़ा पारसौली फुगाना मुजफ्फरनगर निवासी मोहम्मद इस्लाम कासमी सभी पीएफआई सदस्यों को खरखौदा क्षेत्र में अलग-अलग जगह से गिरफ्तार किया गया था।
सभी को देश विरोधी गतिविधियों में शामिल पाए जाने पर खरखौदा थाना पर है सभी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर उन्हें जेल भेजा गया था। जहां बाद में खरखौदा पुलिस ने चार अक्टूबर को सात दिन के रिमांड पर लिया। जिसमें एटीएस, एनआईए सहित कई संस्थाओं ने उनसे पूछताछ की थी।
सभी ने पूछताछ में आतंकवादी गतिविधियां बढ़ाने के लिए अलग-अलग तरीके से नेटवर्क फैलाए जाना स्वीकार किया था। जहां बाद में सभी को अलग-अलग ठिकानों पर भी ले जाकर जानकारी जुटाई थी। सोमवार को सात दिन का रिमांड समाप्त होने के बाद सभी को न्यायालय में पेश किया गया।