मेरठ में दिल्ली रोड स्थित भूड़बराल के सुपर फ्यूल एंड पंप पर शनिवार को कार में 200 रुपये में 50 एमएल पेट्रोल डालने पर हंगामा हो गया। तीन घंटे तक कार मालिक ने हंगामा किया। मौके पर मिस्त्री को बुलाकर गाड़ी का टैंक खुलवाया गया तो पेट्रोल पंप वालों की पोल खुल गई।
भूड़बराल निवासी व्यापारी फुरकान को काम से खतौली जाना था, जिसके लिए वो शनिवार सुबह ही पास के पेट्रोल पंप पर पहुंचे। उन्होंने वहां दो सौ रुपये की सीएनजी डलवाई, जबकि दूसरी मशीन से दो सौ रुपये का पेट्रोल डलवाया। व्यापारी का आरोप है कि जब उन्होंने गाड़ी स्टार्ट की तो वह स्टार्ट नहीं हुई। सीएनजी पर करने पर गाड़ी स्टार्ट हुई। फुरकान ने बताया उनकी गाड़ी में पेट्रोल खत्म था। वो समझ गए कि उनके साथ धोखा हुआ है। मामले को लेकर सेल्स कर्मचारियों से विवाद हो गया। विवाद बढ़ा तो कार मिस्त्री को पेट्रोल टैंक खुलवाने के लिए बुलाया गया।
मिस्त्री को दिए पांच सौ रुपये
हंगामा होने पर मिस्त्री को बुलाया गया। शर्त रखी कि पेट्रोल पूरा निकला तो व्यापारी सर्विस चार्ज देगा, जबकि पेट्रोल न होने पर कर्मचारी सर्विस चार्ज देंगे। पास से ही कार मिस्त्री को बुलाया गया। मैकेनिक ने करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद कार से टंकी अलग की और नीचे रखने के बाद उसे खोला तो सभी दंग रह गए। कार में मुश्किल से 50 एमएल ही तेल दिखाई दिया। जिसके बाद कर्मचारियों ने मिस्त्री को पांच सौ रुपये सर्विस चार्ज दिया। हालांकि बाद में व्यापारी ने पेट्रोल लेने से मना कर दिया, उसने कहा वो मामले में संबंधित विभाग में शिकायत करेंगे।
यह भी पढ़ें: मुठभेड़ की तस्वीरें: लाडले बेटे को देख छलक उठीं पिता की आंखें, नौ दिन पहले हुआ था जकी का अपहरण, घर में लौटीं ईद जैसी खुशियां
पूरा रिकॉर्ड मिलेगा, होगी कार्रवाई
मामला संज्ञान में नहीं आया है, लेकिन अगर पेट्रोल देने में कटौती हुई है तो कार्रवाई होगी। मशीन में पूरा रिकॉर्ड रहता है। शिकायत आएगी तो कार्रवाई होगी।
- विजय कुमार मिश्रा, वरिष्ठ निरीक्षक विधिक माप विज्ञान (माप-तोल)
यह भी पढ़ें: योगी के बुलडोजर से बड़ी कार्रवाई: सहारनपुर में भूमाफिया की 15 करोड़ की संपत्ति जब्त, देखें तस्वीरें