जेल में रची जा रही थी साजिश, मीनू की बैरक बदली
दोनों नवनीत उर्फ मीनू के परिचित है। दोनों को बुधवार को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया। सीओ ने बताया कि मीनू ने क्यों कारतूस मंगवाए थे, क्या साजिश वह रच रहा है। इसकी पुलिस जांच कर रही है।
जेल अधीक्षक वीरेश राज शर्मा ने बताया कि जेल प्रशासन ने नवनीत उर्फ मीनू की बैरक बदल दी है। उसकी निगरानी की जा रही है। कोर्ट द्वारा जेल भेजे गए प्रमेंद्र और सुदेश को भी अलग-अलग बैरक में रखा गया है। उन्होंने बताया कि जेल में उद्यम सिंह गिरोह का कोई सदस्य नहीं है।
योगेश भदौड़ा जेल से बाहर आया, पुलिस ने निगरानी बढ़ाई
शातिर अपराधी योगेश भदौड़ा जमानत पर सिद्धार्थनगर जेल से रिहा होकर बाहर आ गया है। इसके बाहर आने पर पुलिस ने निगरानी बढ़ा दी है। पुलिस इसकी भी जांच कर रही है कि उसका शूटर नवनीत उर्फ मीनू कोई बड़ी वारदात करने के लिए जेल में तो नहीं गया और इसीलिए उसने कारतूस मंगवाए थे।
हिस्ट्रीशीटर नवनीत उर्फ मीनू योगेश भदौड़ा का शार्प शूटर है। उसने वर्ष 2013 में उधमसिंह के शूटर नितिन गंजा की कचहरी में हत्या कर दी थी। वह 2019 में नक्श ट्रेनिंग कंपनी में लूट के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।
जमानत पर आने पर उसका जनवरी 2025 को फायरिंग करते हुए का वीडियो वायरल हुआ था। तब एसएसपी ने उस प 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया था। 22 जनवरी को वह पुराने मामले में जमानत तुड़वाकर जेल चला गया था। बाद में वह जमानत पर रिहा हो गया था।