दिल्ली से चलकर वाया मेरठ, सहारनपुर जाने वाली डीएम पैसेंजर के ऊपर मोहिउद्दीनपुर स्टेशन के पास ओएचई केबल टूट गया। इससे मेरठ-दिल्ली रेलमार्ग चार घंटे बाधित रहा। शाम करीब 6.20 बजे हादसा हुआ। इसके बाद दिल्ली और मेरठ की तरफ से आने वाली ट्रेनें बाधित हो गईं। डीएम पैसेंजर ट्रेन के यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। महिलाओं को भी ट्रेन से नीचे उतरना पड़ा।
सूचना मिलते ही रेलवे अधिकारियों की टीम मौके पर पहुंच गई। टीम ने केबल ठीक करने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली। बाद में मेरठ कैंट और गाजियाबाद से ओएचई वैगन की मांग की गई। करीब शाम आठ बजे के आसपास ओएचएई वैगन पहुंची। इसके बाद इंजीनियरों ने कार्य शुरू किया। करीब रात 10.30 के आसपास रूट सामान्य हो सका।
यातायात बाधित होने से दिल्ली से चलकर वाया मेरठ जम्मू को जाने वाली शालीमार एक्सप्रेस मोदीनगर में घंटों खड़ी रही। रेलवे अधिकारियों ने सावधानी बरतते हुए शालीमार को गलत साइड से मोहिउद्दीनपुर स्टेशन से पार कराया। रेवाड़ी से चलकर वाया नई दिल्ली, मेरठ आने वाली शटल को भी मोदीनगर खड़ा करना पड़ा।
काफी देर तक डीएम पैसेंजर के खड़ी होने के बाद यात्री पैदल ही परतापुर स्टेशन तक ट्रैक किनारे जाने लगे। इसमें महिलाएं, बच्चे काफी संख्या में शामिल रहे। रेलवे के ट्रैफिक इंस्पेक्टर ने बताया कि ओएचएई वायर में क्या खराबी थी इसका पता अभी नहीं पता लग पाया है।
डीजल इंजन लगाकर लाई गई शटल
घंटों इंतजार के बाद ओएचई वायर के ठीक न होने के कारण रेलवे अधिकारियों ने शटल का इलेक्ट्रिक इंजन हटाया। इसके बाद डीजल इंजन लगाकर शटल को सिटी स्टेशन तक लाया गया। इस रूट पर मालगाड़ी भी खड़ी रही। ट्रैक ठीक होने के बाद ही मालगाड़ी का संचालन किया गया। शालीमार एक्सप्रेस को परतापुर स्टेशन पर रोककर डीएम पैसेंजर के यात्रियों को बैठाया गया।