फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Meerut News: लोहियानगर में भूमि पर कब्जा लेने पहुंचा मेडा, विरोध के बाद वापस लौटी टीम

विज्ञापन
विज्ञापन
- सपा नेता और किसानों ने किया हंगामा, बोर्ड बैठक के बाद आगे की रणनीति पर सहमति
विज्ञापन

- लोहियानगर, नौचंदी सहित कई थाने की पुलिस फोर्स बुलाया, करीब दो घंटे चली है वार्ता
फोटो
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। लोहियानगर में मेरठ विकास प्राधिकरण (मेडा) अपनी भूमि पर कब्जा लेने पहुंच गया। जहां पर किसानों ने प्रतिकर न मिलने की बात कहकर मेडा की टीम का विरोध किया। दोनों पक्ष में करीब दो घंटे बहस चली। माहौल गर्माया तो लोहियानगर, खरखौदा, नौचंदी सहित कई थाने की पुलिस फोर्स मौके पर पहुंच गया। किसानों ने जमीन पर कब्जा देने से मना कर दिया। इस पर मेडा की टीम को बैरंग वापस लौटना पड़ा। प्रभारी जोन अर्पित यादव ने मेडा की आगामी 21 अप्रैल को बोर्ड बैठक के बाद किसानों की समस्या का समाधान और जमीन पर कब्जा करने की बात कही।
लोहियानगर, वेदव्यासपुरी, गंगानगर एक्सटेंशन की जमीन का विवाद मेडा और किसानों के बीच लंबे समय से चल रहा है। मेडा ने एक साल पहले लोहियानगर में 28 हजार वर्ग मीटर जमीन ट्रांसपोर्टनगर को एक साल के लिए लीज पर दी थी। उक्त जमीन पर भी किसानों ने कब्जा किया हुआ है।
विज्ञापन

शुक्रवार को विकास प्राधिकरण की टीम लोहियानगर में जमीन पर कब्जा करने पहुंच गई। इसकी जानकारी लगने पर किसान भी मौके पर पहुंचे। सपा नेता गौरव गुर्जर काजीपुर के नेतृत्व में किसानों ने विकास प्राधिकरण की टीम का विरोध किया। किसानों ने कहा कि 2015 में मेडा द्वारा प्रतिकर देने की आश्वासन दिया गया था। जब तक उनकी जमीन का बकाया सारा पैसा नहीं मिलता, तब तक कब्जा नहीं होने देंगे।
विज्ञापन

मौके पर तनाव के हालात देखते हुए पुलिस फोर्स भी मौके पर पहुंचा। हंगामे की जानकारी लगने पर लोहियानगर में काजीपुर, गंगानगर, वेदव्यासपुरी के किसान भी मौके पर पहुंचे थे। किसानों ने मेडा के खिलाफ नारेबाजी करनी शुरू कर दी। पुलिस ने किसानों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं मानें। मेडा से प्रभारी जोन अर्पित यादव की किसानों से करीब दो घंटे वार्ता चली। मेडा को कब्जा नहीं मिला व टीम को वापस लौटना पड़ा। सपा नेता गौरव गुर्जर ने बताया कि मेडा ने आश्वासन दिया कि किसानों की समस्या 21 अप्रैल को बोर्ड बैठक में रखेंगे। उसके बाद जमीन पर मेडा अपना कब्जा लेगा। प्रभारी जोन अर्पित यादव का कहना है कि किसानों से वार्ता कर मामले का समाधान करेंगे।
-
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें