उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले के खतौली कस्बे के बालकराम मोहल्ला निवासी एक युवक की पांच माह पहले धोखे से एक मंगलामुखी से शादी करा दी गई। यह मामला तब खुला जब मंगलामुखी बनी विवाहिता ने पुलिस को बंधक बनाने की सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जब पूछताछ की तो पीड़ित परिजनों ने सारा मामला बताया। पुलिस दोनों पक्षों को थाने ले गई। काफी देर चले ड्रामे के बाद कथित मंगलामुखी के परिजन उसे अपने साथ ले गए।
बालकराम निवासी राजकुमार ने बताया कि उसके भतीजे की शादी बिद्दीवाडा निवासी एक महिला ने सहारनपुर में कराई थी। उनका भतीजा अक्सर परेशान रहता था, पूछने के बाद भी उसने कुछ नहीं बताया। उनका भतीजा फरीदाबाद में नौकरी करता है, जब उसकी पत्नी ने फरीदाबाद ले जाने का दबाव बनाया तो सारा माजरा सामने आया।
उनके भतीजे ने बताया कि जिससे उसकी शादी कराई गई है, वह लड़की नहीं बल्कि एक मंगलामुखी है। आरोप है कि सच्चाई पता चलने के बाद से विवाहिता बनी मंगलामुखी ने लड़के को धमकी दी है कि यदि किसी को कोई भी बात बताई तो वह जहर खाकर पूरे परिवार को फंसा देगी। जिस कारण वह चुप था।
मामले का पता परिवार को चलने पर विवाहिता बनी मंगलामुखी ने पुलिस को बंधक बनाने की सूचना दी। जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस दोनों पक्षों को थाने ले गई। वही विवाहिता के परिजनों को भी सूचना दी गई। विवाहिता के परिजन भी थाने पहुंच गए। काफी देर चले हंगामें के बाद विवाहिता के परिजन उसे अपने साथ ले गए।
इस दौरान थाने में काफी भीड़ जमा हो गई थी। युवक पक्ष ने युवती पक्ष से तलाक दिए जाने की मांग की है। इंस्पेक्टर एचएन सिंह का कहना है कि पति पत्नी का विवाद था। बिना डॉक्टरी के कुछ नहीं कहा जा सकता। लड़की अपने माता पिता के साथ घर चली गई। थाने में कोई तहरीर आदि नहीं दी गई।