2020 के छात्र-छात्राएं न करें आवेदन
राजकीय एवं एडेड कॉलेजों के सत्र 2020 के रेग्युलर और प्राइवेट सभी छात्र-छात्राओं की डिग्री कॉलेजों में भेजी जा चुकी हैं। ऐसे में इस वर्ष के छात्र-छात्राएं ऑनलाइन आवेदन नहीं करेंगे। इस लिंक पर सिर्फ मूल डिग्री ही मिलेगी। अगर कोई डुप्लीकेट उपाधि चाहता है तो उसे विवि की पूर्व निर्धारित व्यवस्था के अनुरूप शुल्क जमा करके ही मिलेगी।
करोड़ों रुपये शुल्क का पड़ेगा फर्क
अभी भी ऐसे लाखों छात्र-छात्राएं हैं, जिन्होंने 2013 तक अपनी डिग्रियां नहीं ली हैं। ऐसे में निशुल्क डिग्री देने से विवि को करोड़ों रुपये का फर्क पड़ेगा।
करनी होगी लगातार मॉनिटरिंग
ऑनलाइन आवेदन के बाद डिग्री समय से घर पहुंच जाए, इसको लेकर अधिकारियों को लगातार मॉनिटरिंग करनी होगी। रोजाना कितने आवेदन आए और कितनी डिग्रियां डाक से भिजवाई गईं इसको लेकर जवाबदेही निर्धारित करनी होगी। डाक विभाग से विवि का एमओयू हो चुका है लेकिन वे समय से डिग्री भेज दें इसका भी ध्यान रखना होगा।
यह भी पढ़ें: PHOTOS: मां-बेटे का दर्द देख फूटा लोगों को गुस्सा, घरों पर चस्पा किए पलायन के पोस्टर, खाकी पर भी लगा बड़ा आरोप
पारदर्शी होगी व्यवस्था
ऑनलाइन आवेदन पर डिग्री डाक से घर पहुंचे इसको लेकर अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। छात्र-छात्राओं को कोई परेशानी न हो, इसको लेकर पारदर्शी व्यवस्था बनाने को कहा गया है।
- प्रो. संगीता शुक्ला, कुलपति सीसीएसयू