झोलाछाप ने मरीजों के इलाज की रूपरेखा बदली, क्लीनिक की जगह घर या मेडिकल स्टोर पर बैठकर झोलाछाप देख रहे मरीज
सरधना। नगर में पुलिस द्वारा पांच दिन पूर्व झोलाछाप क्लीनिक संचालकों के खिलाफ चलाए गए अभियान के दौरान पांच झोलाछाप को पकड़ा था। थाने से जमानत मिलने के बाद चोरी छुपे यह झोलाछाप अभी भी मरीजों का उपचार कर रहे हैं। वहीं, स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि झोलाछाप को लेकर टीम गठित दी गई है।
झोलाछाप के खिलाफ डीएम के आदेश पर अभियान चलाया गया था। एसडीएम ने पकडे़ गए सभी झोलाछाप के खिलाफ लिखा पढ़ी कर जेल भेजने की बात कही थी, लेकिन रात में ही थाने से जमानत दे दी गई। अगले दिन फिर से झोलाछाप बेखौफ होकर क्लीनिक खोलकर बैठ गए और फिर से मरीजों का उपचार करने लगे। स्वास्थ्य विभाग ने फिर से टीम भेजकर जांच कराई तो बाबू अंसारी व महेशचंद का क्लीनिक खुला मिला। सीएचसी प्रभारी डॉ. राजेश कुमार ने दोनों को नोटिस जारी कर दर्ज मुकदमे में धारा बढ़ाने की बात कही। अब कुछ क्लीनिक संचालकों ने अपने कार्य की रूपरेखा बदल ली है। जिनके क्लीनिक मेडिकल स्टोर के निकट चल रहे थे, वह अब क्लीनिक की जगह मेडिकल स्टोर पर बैठकर मरीज देख रहे हैं या फिर चोरी छिपे अपने घरों में मरीजों का इलाज कर रहे हैं।
सीएचसी प्रभारी डॉ. राजेश कुमार का कहना है कि इस मामले में टीम गठित कर दी है, जहां भी झोलाछाप द्वारा मरीजों को देखा जाएगा, उनकी जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।