मेरठ..कंवलजीत..डालमपाड़ा स्थित रामनवमी मंदिर में आचार्य प्रदीप नौटियाल द्वारा चल रही कथा के समाप
- डालमपाड़ा मंदिर में कथा के बाद हवन और प्रसाद का हुआ वितरण
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। श्रीराम नवमी मंदिर डालमपाड़ा में श्रीमद्भागवत कथा के अंतिम दिन आचार्य प्रदीप नौटियाल ने भक्तों को अपना आशीष दिया। उन्होंने प्रभु की भक्ति में लीन रहने की प्रेरणा दी। आचार्य ने कहा कि अगर कोई अपराध हो रहा है और आप उस अपराध को देख रहे हैं तो आप भी उसके भागी बन जाते हैं। उन्होंने कहा कि जो आपको और अच्छे कार्य करने से रोके तो उसका विरोध करें या फिर ऐसे लोगों से दूर हो जाओ।
आचार्य ने कहा कि गलत चीजों का जीवन पर गहरा प्रभाव पड़ता है। हमें दोहरा चरित्र रखने वाले लोगों से दूर रहना चाहिए। प्रपंच करने वाले लोगों से दूर रहने में ही मनुष्य की भलाई है। उन्होंने कहा कि शहर के कुछ लोग हर माह मेरठ को वृंदावन बनवा देते हैं। उन्होंने बताया कि राधा गोविंद शयन आरती परिकर के सभी रसिक जन द्वारा यह आयोजन होता है। इस बार संकीर्तन 18 सितंबर को होगा। आयोजन वेस्ट एंड रोड अन्नपूर्णा मंदिर में किया जाएगा।
कथा के बाद मंदिर में हवन हुआ और पूर्ण आहुति दी गई। परिक्रमा के बाद ब्राह्मण और कन्याओं को भोग लगाया गया। भंडारे का प्रसाद सभी को वितरित किया गया। इस अवसर मुख्य पुजारी आचार्य पंडित चंडी प्रसाद डिमरी, यश गर्ग, मनीष सिंघल, प्रदीप शर्म, मयंक अग्रवाल, आशीष रस्तोगी, वासु चौरसिया, राहुल बंसल, प्रदीप शर्मा, मयंक चौरसिया आदि रहे।