वहीं, पानी के अत्यधिक बहाव के कारण ग्रामीणों की हजारों बीघा से अधिक धान, गन्ना और अन्य फसलें पानी में डूब गईं। पुल धंसने के बाद से पानी का बहाव लगातार जारी है। पुल धंसने से ग्रामीण सोमपाल, शिवचरण, विक्रम सिंह, कर्मवीर सिंह, श्यामवीर सिंह, जगबीर सिंह आदि की फसलें जलमग्न हुई हैं। पुलिस मौके पर पहुंची और सिंचाई विभाग से पानी बंद कराने के लिए संपर्क किया।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते पानी को बंद नहीं किया तो भनेड़ा और शामली के चंदेना माल गांव में पानी घुस सकता है।
बताया जाता है कि कृष्णी नदी के ऊपर वर्ष 2008 में करोड़ों रुपये की लागत से 200 मीटर के पुल का निर्माण हुआ था। गंगनहर के पुल में अत्यधिक सिल्ट जमा होने के कारण यह पुल धंसा है। हालांकि इस पुल के ऊपर से लोगों का आवागमन नहीं होता।