सूरजकुंड स्थित श्मशान घाट के पास रविवार रात भीषण आग लग गई। आग श्मशान घाट के एंट्री प्वाइंट को ढकने वाली फाइबर शीट से होते हुए लकड़ी की टाल में जा लगी। जिसने बाद में बराबर में ही स्पोर्ट्स फैक्ट्री को चपेट में ले लिया। करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद दमकल की आठ गाड़ियों ने आग पर काबू पाया। आग से लाखों रुपये का नुकसान हो गया।
सिविल लाइन क्षेत्र स्थित सूरजकुंड पर श्मशान घाट से पहले ही गंगा मोटर्स कमेटी ने फाइबर की चादरें डालकर रास्ता कवर कर रखा है। रविवार रात शार्ट सर्किट होने पर फाइबर शीट ने आग पकड़ ली। आग की लपटें इतनी विकराल थी कि पास में गोलाबढ़ निवासी प्रेम सिंह की लकड़ी की टाल तक भी आग की लपटें पहुंच गई। जहां से आग ने नंद किशोर बंसल की स्पोर्ट्स फैक्ट्री को चपेट में ले लिया।
कंट्रोल रूम पर आग की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड के साथ सीओ सिविल लाइन, इंस्पेक्टर सिविल लाइन और इंस्पेक्टर नौचंदी मौके पर पहुंच गए। भीषण आग के चलते आसपास के इलाके में हड़कंप मच गया। सीओ सिविल लाइन का कहना है कि अभी तक शार्ट सर्किट से आग लगना बताया गया है। आग से सबसे ज्यादा नुकसान प्रेम सिंह का हुआ है। जिनकी लकड़ी की टाल में करीब पांच लाख की लकड़ी जलकर राख हो गई।
ताले तोड़कर अंदर घुसे दमकल कर्मी:
रात में प्रेम सिंह टाल का ताला लगाकर शास्त्रीनगर स्थित एक अस्पताल में भर्ती पोते क ो देखने पहुंचे थे। इस बीच उन्हें सूचना मिली कि उनकी टाल में आग लग गई। जब वह मौके पर पहुंचे तो पुलिस और दमकल कर्मचारियों ने ताले तोड़ दिये थे। जिसके बाद आग पर काबू पाया गया।
हो सकता था बड़ा नुकसान: गनीमत रही कि दुर्गा बंसल स्पोर्ट्स फैक्ट्री में आग से कुछ ही सामान जला। यदि कुछ और देरी होती तो स्पोर्ट्स फैक्ट्री की आग मुसीबत बन सकती थी।