सैंपल को सील करती एफडीए की टीम।
- फोटो : अमर उजाला
त्योहारों के मद्देनजर चलाए जा रहे सैंपलिंग अभियान का दायरा कुछ खास क्षेत्रों तक ही सीमित रह गया है। तीन दिनों में जागृति विहार, शास्त्रीनगर व गढ़ रोड के क्षेत्र से ही सैंपल लिए गए हैं। शुक्रवार को घंटाघर पर क्षेत्र में सैंपलिंग करने गई टीम को भारी विरोध का सामना करना पड़ा।
व्यापारियों ने कार्रवाई का विरोध किया, जिसको लेकर एफडीए अधिकारियों और व्यापारियों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। घंटाघर पर सिर्फ एक ही दुकान से सैंपलिंग हो पाई। तीन अन्य स्थानों से भी सैंपल लिए गए हैं।
खाद्य एवं औषधि सुरक्षा विभाग के अभिहित अधिकारी वीके वर्मा और मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी जेपी सिंह की नेतृत्व में टीम सैंपलिंग के लिए निकली। जैसे ही टीम कुमार स्वीट्स घंटाघर चौराहे पर पहुंची तो वहां पर स्थानीय व्यापारी एकत्र हो गए और विरोध शुरू कर दिया।
काफी देर दर तक खाद्य विभाग के अधिकारियों और व्यापारियों के बीच बहस हुई, इसके बाद अधिकारियों ने कहा कि अगर आप लोग विरोध करते हैं तो फिर फोर्स के जरिये सैंपल लिया जाएगा। हम लोग यहां पर किसी की छवि को खराब करने के लिए नहीं आए हैं बल्कि नियमित सैंपलिंग प्रक्रिया है, जिसमें सैंपल भरा जाना है।
काफी देर के बाद हंगामा थमा तो विभागीय अधिकारी छेना की रंगीन मिठाई का सैंपल भरने में सफल रहे। लेकिन विरोध के बीच बाकी दुकानों से सैंपलिंग नहीं हो पाई। इसके बाद रेलवे रोड चौराहा व जागृति विहार जैसे क्षेत्रों से सैंपल भरे गए। इस दौरान सैंपलिंग की कार्रवाई में खाद्य सुरक्षा अधिकारी दर्पण कुमार, जितेंद्र कुमार, वैभव व अरुण राणा मौजूद रहे।
शनिवार से शहर के अन्य क्षेत्रों में भी व्यापक स्तर पर अभियान चलाया जाएगा। अभी तक जहां से भी सैंपल भरे गए हैं, उनमें से अधिकांश के खिलाफ पहले से शिकायतें थीं। - वीके वर्मा, अभिहित अधिकारी