एक्सप्रेसवे : नहीं मिला पैसा, पंजाब में फंसी लेबर
परतापुर (मेरठ)। मेरठ-दिल्ली एक्सप्रेसवे स्थित परतापुर तिराहे पर बने दूसरे अंडरपास का मंगलवार को लेंटर खोलना शुरू कर दिया। रात्रि में तीसरे अंडरपास की तैयारी में बेस प्वाइंट में सरिए मोल्ड किए जाएंगे। इसके अलावा जीआर इंफ्रा की काफी लेबर पंजाब सहित कई जगहों पर पैसा न होने की वजह से फंसी हुई है।
दूसरे चरण के मेरठ-डासना एक्सप्रेसवे पर कम लेबर के चलते जीआर इंफ्रा ने रात-दिन कार्य कर गति देनी शुरू कर दी।। मंगलवार को कम लेबर के चलते परतापुर तिराहे पर बने दूसरे अंडरपास का लेंटर खोलना शुरू कर दिया। यहां बन रहे तीसरे अंडरपास पर रात्रि में कार्य किया जाएगा। एनएचएआई के इंजीनियरों का कहना है कि लेबर से संपर्क किया जा रहा है। जल्द ही लेबर आ जाएगी। इसके अलावा दिल्ली हाईवे पर एनसीआरटीसी ने भूडबराल रजबहे के निकट तीन राफ्टर पिलर तैयार कर लिए है और मार्ग चौड़ीकरण के कार्य पक्का करना शुरू कर दिया है।
- लेबर से चल रही बातचीत
करीब सवा दो माह पूर्व मेरठ में लॉकडाउन के लगते ही जीआर इंफ्रा व एनएचएआई की काफी लेबर पंजाब व छत्तीसगढ़ चली गई थी। उनके पास किराए का पैसा न होने के कारण सभी लेबर जगह-जगह फंसी हुई है। कई जगहों से लेबर ने फोन कर बताया कि लॉकडाउन लगने के बाद से जीआर इंफ्रा की ओर से उन्हें पैसा नहीं दिया गया। जो पैसा उनके पास था, उससे खाना खा लिया। अब मेरठ आने के लिए उनके पास किराया तक नहीं है। सभी लेबर भुखमरी के कगार पर है। उधर, जीआर इंफ्रा के अफसरों का कहना है कि लेबर से बातचीत हो रही है, जल्द ही लेबर आ जाएगी।