- विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति उप्र के बैनर तले हुआ आंदोलन
संवाद न्यूज एजेंसी
बिजनौर। बिजली विभाग के निजीकरण के विरोध में बिजलीकर्मी व अधिकारियों ने बुधवार को अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर प्रदर्शन कर धरना दिया। बिजली कर्मियों के आंदोलन को भाकियू अराजनैतिक, राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन, अन्य संगठनों ने धरना स्थल पर पहुंचकर समर्थन दिया।
संगठन के आह्वान पर संघर्ष समिति जनपद बिजनौर के बैनर तले जिले के बिजली कर्मियों ने भी सांकेतिक हड़ताल की। आंदोलित विद्युत कर्मी दोपहर में आवास-विकास स्थिति अधीक्षण अभियंता कार्यालय पहुंचे। वहां उन्होंने निजीकरण के विरोध में प्रदर्शन कर धरना दिया। धरने पर वक्ताओं ने कहा कि प्रदेश में पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम एवं दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम के निजीकरण के विरोध में बिजनौर समेत प्रदेश व देश के सभी प्रांतों के लगभग 27 लाख बिजली कर्मियों ने एक दिन की सांकेतिक हड़ताल कर अपनी एकजुटता का परिचय दिया है।
इस आंदोलन को भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) जिलाध्यक्ष नितिन सिरोही, राष्ट्रीय किसान मजदूर यूनियन के जिलाध्यक्ष विनोद कुमार बिट्टू, अटेवा उपाध्यक्ष चंद्रहास एवं अन्य संगठनों के पदाधिकारियों ने समर्थन दिया।
धरने पर अधिशासी अभियंता अजय कुमार कैम, संघर्ष समिति संयोजक व एसडीओ ओंकार शर्मा, अरविंद बिंद, विवेक विश्वकर्मा, संजय सिंह यादव, विश्राम सिंह यादव, आईपी सिंह, ऋषिकांत, अमित कुमार, अवर अभियंता उमेश अग्रवाल, रामौतार, टीजी 2 जितेंद्र सिंह, लोकेंद्र सिंह, सौरभ कुशवाहा आदि रहे।