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Meerut News: खूब खाओ सब्जी और पकवान, सस्ते हो गए खाद्यान्न

Mon, 27 Feb 2023 10:09 AM IST
मेरठ ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ

सार

बढ़ती महंगाई के बीच खाद्यान्न सस्ते होने के कारण महिलाओं ने राहत की सांस ली है। सब्जी से लेकर आटा दाल सूजी सभी पर 8 से ₹10 प्रति किलो के हिसाब से दाम कम हुए हैं। 
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock
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विस्तार
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होली के त्योहार से पहले सब्जी और खाद्यान्न कुछ सस्ते हो गए हैं। इससे महिलाओं ने राहत की सांस ली है। आटा, सूजी, मैदा पर आठ से दस रुपये प्रतिकिलो के दाम कम हुए हैं। हालांकि गली मोहल्ले की दुकानों पर अभी भी कुछ दुकानदार पुराने रेट पर ही सामान दे रहे हैं।
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हरी सब्जी आलू, टमाटर, गोभी, प्याज भी काफी सस्ते हो गए हैं। वह अलग बात है कि थोक और फुटकर के भाव में काफी अंतर है। कई हरी सब्जियां ऐसी हैं जिनको मंडी में कोई उठाने को तैयार नहीं हैं, लेकिन शहर में जगह जगह फुटकर में विक्रेता तीन गुना से भी अधिक भाव में सब्जी बेच रहे हैं। प्रशासन ऐसे लोगों पर शिकंजा कसे तो तेजी महंगाई दर कम होगी। सब्जी और खाद्यान्न पर महंगाई कम होने से खासकर महिलाओं ने राहत की सांस ली है।

सब्जियों के भाव
थोक में सब्जी के भाव फुटकर में सब्जी के भाव
टमाटर- 10 रु. टमाटर- 30 रु.
आलू - 5-6 रु. आलू - 10 रु.
गाेभी -4-5 रु. गाेभी - 20 रु.
गाजर - 8-10 रु. गाजर - 40 रु.
मटर - 12-15 मटर - 35-40
बैंगन - 15-20 रु. बैंगन - 50-60 रु.
भिंडी - 50-60 रु. भिंडी - 120 रु.
हरी मिर्चा - 20-25 रु. हरी मिर्चा - 40 रु.
प्याज - 10-12 रु. प्याज - 25 रु.
लोकी - 20-25 रु. लोकी- 40 रु.

बोलीं महिलाएं
रिफाइंड, आटा, बेसन आदि सस्ता होने से अब कुछ राहत की उम्मीद जगी है। वरना काफी समय से रसोई का बजट बिगड़ा हुआ था। -रजनी सैनी, गोलाबड़
पिछले महीने रिफाइंड और सरसों का तेल आदि सामान महंगा था। अब कुछ सस्ता हुआ है। अभी और सस्ता होने की जरूरत है। -चित्रा वर्मा, कंकरखेड़ा
रसोई का बजट ही बिगड़ा हुआ था। त्योहार पर आटा समेत खाने की सभी चीजें सस्ते होने का मतलब जनता को बड़ी राहत मिलेगी। - रुचि गुप्ता, आर्यनगर सूरजकुंड
होली के त्योहार से पहले रसोई के सामान की खरीदारी की तो महंगाई काफी कम दिखाई दी। फुटकर विक्रेताओं को भी कम मुनाफा लेना चाहिए। -नीता भरतवाल
मंडी में सब्जी इतनी सस्ती है, लेकिन मोहल्ले में ठेले पर बेचने वाले कई गुना महंगी सब्जी बेच रहे हैं। इनपर भी शिकंजा कसा जाना चाहिए। - आरुषि सिंघल

20 दिन में आटा, रिफाइंड, मेदा आदि सामान के दामों पर 20 से 25 प्रतिशत की गिरावट आई है। जनता को राहत मिलेगी। - गौरव गुप्ता, सदर थोक एवं फुटकर विक्रेता
- बैंगन और भिंडी गुजरात से आ रही हैं। बाहर से आने वाली सब्जियों पर भाड़े का भार बढ़ जाता है। जिसके कारण महंगी हैं। अन्य सभी सब्जियां सस्ती हैं। - पदम सिंह, आढ़ती नवीन सब्जी मंडी
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खाद्यान्न पर नजर
खाद्यान्न 2023 जनवरी 2023 फरवरी
आटा 38 30

मैदा 40 32

सूजी 41 33

बेसन 85 75

रिफाइंड 180 135

सरसों तेल 180 133
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