गैंगरेप प्रकरण में हाईकोर्ट की सख्त टिप्पणी ने पुलिस महकमे में हलचल पैदा कर दी है। हाईकोर्ट ने प्रमुख सचिव गृह और डीजीपी से जवाब मांगा है। ऐसे में पूरे मामले में हाईकोर्ट में जवाब देने की तैयारी चल रही है। एसएसपी ने कहा कि मामले में हाईकोर्ट के सामने अधूरे तथ्य पेश किए गए हैं। अब पूरा जवाब शासन के माध्यम से भेजा जाएगा।
गौरतलब है कि ड्रग्स स्कैंडल और गैंगरेप प्रकरण में आरोपियों पर सख्त कार्रवाई न होने से क्षुब्ध पीड़ित छात्रा के पिता ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। पीड़ित छात्रा के पिता ने याचिका में सवाल उठाए थे कि मेरठ में ड्रग्स माफिया नाबालिगों को नशे का शिकार बना रहे हैं और उन्हें नशे का आदी बनाकर उनकी जिंदगी से खिलवाड़ किया जा रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया था कि रिपोर्ट दर्ज होने के बाद पुलिस ने सत्ताधारियों के दबाव में आरोपियों पर कार्रवाई नहीं की। न ही ड्रग्स माफियाओं के खिलाफ ही कार्रवाई की गई। इस पर हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति विक्रम नाथ ने सख्त टिप्पणी करते हुए प्रमुख सचिव गृह एवं डीजीपी से दो सप्ताह में रिपोर्ट मांगी थी। हाईकोर्ट द्वारा सरकार को भेजे गए नोटिस से मेरठ पुलिस में खलबली मच गई है। पुलिस महकमा पूरे मामले का जवाब तैयार करने में जुटा है।
एसएसपी डीसी दूबे का कहना है कि न्यायालय के समक्ष पूरे तथ्य नहीं पेश किए गए हैं। गैंगरेप मामले में सभी आरोपियों की गिरफ्तारी की जा चुकी है और विवेचना की जा रही है। हाईकोर्ट में सभी बिंदुओं पर जवाब दिया जाएगा।