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बंद घरों को खंगालने वाले गिरोह का पर्दाफाश   

Thu, 24 May 2018 12:57 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
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फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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शहर में बंद घरों को खंगालने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का बुधवार को क्राइम ब्रांच ने पर्दाफाश कर दिया। तीन शातिर अपराधियों को गिरफ्तार कर तीन लाख नगद, एक गाड़ी और अन्य चोरी का सामान बरामद किया है। शहर के दो पाश इलाके लालकुर्ती और रेलवे रोड में घरों में चोरी का खुलासा करने पर पीड़ित व्यापारियों ने पुलिस टीम की सराहना की। 
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एसएसपी राजेश कुमार पांडेय और एएसपी कैंट सतपाल सिंह ने प्रेसवार्ता कर तीनों आरोपी मुखलाल उर्फ मुकेश जाटव निवासी फैजाबाद (हाल पता मुर्गी फार्म मुरादनगर व देवलोक कॉलोनी मेरठ), शेषनाथ निवासी हत्ता मठिया कुचाई कोट गोपालगंज बिहार (हाल पता सिहानी गेट स्थित कृष्णा टावर के पास गाजियाबाद) व अमित कुमार जाटव निवासी बहादुरपुर इगलाश अलीगढ़ (हाल पता नंदग्राम रोड सिहानी गेट गाजियाबाद) को मीडिया से रूबरू कराया। 
एसएसपी ने बताया कि पांच फरवरी को रेलवे रोड स्थित जैननगर निवासी गौरव लांबा का बंद मकान इसी गैंग ने खंगाला था। जहां से नकदी, जेवरात चोरी कर ले गए थे। उसके बाद 17 फरवरी को लालकुर्ती क्षेत्र के बेगमबाग में व्यापारी पीके जैन का बंद मकान खंगाला था। दोनों वारदात में आरोपी सीसीटीवी में कैद हुए थे। पुलिस ने तीनों आरोपियों की निशानदेही पर व्यापारी के बंद मकानों से चोरी हुआ सामान बरामद किया है। इसके बाद गाजियाबाद में वारदात की। 
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जेल से छूटते ही बदलते थे ठिकाना 
एएसपी कैंट सतपाल सिंह ने बताया कि जेल से छूटने के बाद पुलिस से बचने के लिए आरोपी ठिकाने बदल देते थे। तीनों आरोपी कई बार जेल जा चुके हैं। दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और यूपी में अलग-अलग नाम से गैंग बनाए हैं। वारदात के बाद बदमाश वह जिला छोड़ देते थे। ताकि पुलिस उन तक न पहुंचे। 

राजमिस्त्री बनकर करते थे रैकी 
पुलिस के मुताबिक इस गिरोह के बदमाशों का वारदात करने का तरीका अलग हैं। ये लोग राजमिस्त्री, इलेक्ट्रीशिन और प्लंबर बनकर पाश इलाके में बंद मकानों में रेकी करते थे। पुलिस ने बताया कि यह गिरोह डकैती और लूट भी कर चुके हैं। 

ट्वीट पर नाराजगी जताई थी 
व्यापारी पीके जैन के बेटे ने पुलिस के आला अफसरों को इस चोरी को लेकर ट्वीट किया था। इसके बाद एएसपी ने क्राइम ब्रांच टीम को लगाया था। गाजियाबाद में चोरी की फुटेज से मिलान कराया तो आरोपियों की पुष्टि हो गई कि जो बदमाश मेरठ में वारदात कर चुके हैं। वहीं गाजियाबाद में कर रहे हैं। सर्विलांस टीम को लगाया गया। उसके बाद आरोपियों की गिरफ्तारी की गई। 
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