सरूरपुर। राजस्थानी चरवाहे बनकर क्षेत्र में लावारिस घूमने वाले गोवंश को कस्बा करनावल-पाथौली के जंगल में कैंटर में लादने का प्रयास किया। पीछा कर रहे बजरंग दल के कार्यकर्ताओं द्वारा शोर मचाने पर आरोपी कैंटर और 40-45 पशुओं को मौके पर छोड़कर भाग गए। कार्यकर्ताओं की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और कैंटर कब्जे में लेकर अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। पुलिस आरोपियों की तलाश में जुट गई है।
क्षेत्र में कई महीनों से कुछ राजस्थानी चरवाहे गाय लेकर घूम रहे थे। स्थानीय लोगों ने इनसे जानकारी की तो बताया गया कि राजस्थान में सूखा होने के चलते वह यहां गाय चराने के लिए आए हैं। इसकी जानकारी बजरंग दल के कार्यकर्ताओं को हुई। जिला संयोजक अनुज बजरंगी ने संदिग्ध चरवाहों पर नजर बनाने के लिए कार्यकर्ताओं को सचेत रहने के लिए कहा। बजरंग दल के कार्यकर्ता संदिग्ध चरवाहों की गतिविधि पर नजर रखे हुए थे। बुधवार के कार्यकर्ताओं ने देखा कि राजस्थानी चरवाहे अपने गोवंश के साथ स्थानीय गोवंश को भी अपने साथ ले जा रहे थे।
बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने छुपकर आरोपियों का पीछा किया। देर रात जंगल में एक कैंटर आता दिखाई दिया। आरोपियों ने इस कैंटर में गायों को लादना शुरू किया। कैंटर में गाय लादते देख बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने शोर मचा दिया। शोर सुनकर आरोपी कैंटर छोड़कर मौके से भाग गए। इसकी सूचना थाना पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची सरूरपुर व रोहटा थाना पुलिस ने कैंटर अपने कब्जे में ले लिया। आरोप है कि पिछले कई महीनों के दौरान क्षेत्र से कई हजार पशुओं की तस्करी की गई है। बजरंग दल ने मामले की सही जांच कर घटना का खुलासा किए जाने की मांग की। इस दौरान अभिषेक चौहान, मुकेश शास्त्री, अजब सिंह शास्त्री, नितिन व राहुल आदि मौजूद रहे।
सीओ सरधना संजय कुमार जायसवाल का कहना है कि अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की गहनता से जांच की जा रही है। जल्द आरोपियों की पहचान कर घटना का खुलासा किया जाएगा।
गिरोह में 30 से अधिक लोग शामिल
स्थानीय लोगों ने बताया कि गोतस्करी करने वाले गिरोह में 30 से अधिक लोग शामिल हैं। जो राजस्थान साथ लेकर आए गोवंश को दिनभर जंगल में चराते हैं। रात होने पर आरोपी पशुओं की तस्करी करते हैं। आरोपी पशुओं को नशे के इंजेक्श्न लगाते हैं। इस कारण पशु कोई हरकत नहीं करते।