ई-फार्मेसी के क्षेत्र में बढ़ाए कदम
- ड्रगिस्ट एवं केमिस्ट एसोसिएशन के महामंत्री घनश्याम मित्तल ने बताया कि दवा कारोबार में कंपनियों का शेयर दो से बढ़कर 10 प्रतिशत तक पहुंच गया है। जीवनरक्षक दवाओं की ऑनलाइन आपूर्ति पर प्रतिबंध के लिए प्रदेश और देश के कई संगठन प्रयासरत हैं।
रिटेलरों को हो रहा भारी नुकसान
- संयुक्त व्यापार संघ अध्यक्ष अजय गुप्ता ने कहा कि व्यापारियों पर बिजली का खर्च, कर्मचारियों की सैलरी सहित अन्य खर्च बढ़ रहे हैं। ऑनलाइन कंपनियों की दखल से रिटेलरों को और नुकसान हुआ है। बाजार खुलने के बाद भी अब मार्केट में पहले जैसी मांग नहीं होगी। संयुक्त व्यापार संघ अध्यक्ष नवीन गुप्ता ने कहा कि ऑनलाइन कंपनियों को आवश्यक वस्तुओं को छोड़ अन्य की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए।
ऑनलाइन कंपनियों के कारोबार के शेयर की स्थिति
आइटम मार्च 2021 अप्रैल 2021
लैपटॉप 22 प्रतिशत 60 प्रतिशत
मोबाइल 40 प्रतिशत 80 प्रतिशत
गारमेंट्स 35 प्रतिशत 60 प्रतिशत
फुटवियर 30 प्रतिशत 50 प्रतिशत
ई फार्मेसी 02 प्रतिशत 10 प्रतिशत
(व्यापारी संगठनों की केंद्रीय इकाइयों से मिले आंकड़ों के आधार पर)