शहर की रामलीलाओं का बजट पहुंचा एक करोड़ पार
मेरठ। आस्था और विश्वास को संजोए परंपरागत रामलीला का खर्च साल दर साल बढ़ता जा रहा है। शहर में सात स्थानों में होने वाली रामलीला पूर्व के सालों में जहां पचास लाख के आसपास हो जाती थीं। अब इनका बजट एक करोड़ के पार पहुंच गई हैं। इसमें मंचन, स्टेज, पुतला निर्माण, लाइटिंग आदि पर खर्च बढ़ा है।
हाईटेक छावनी रामलीला शहर में सबसे महंगी रामलीला है। इसमें स्टेज कार्यक्रम के साथ शोभायात्रा, पुतला निर्माण सहित अन्य सज्जा पर भी अच्छा पैसा खर्च किया जाता है। जिसके चलते यह रामलीला सालों से शहर के लोगाें के लिए मुख्य आकर्षण का केंद्र है। महामंत्री गणेश अग्रवाल ने बताया कि रामलीला में इस बार खर्च लगभग पचास लाख तक पहुंच सकता है। उधर, रामलीला कमेटी मेरठ शहर के तत्वावधान में शहर में कई स्थानों पर आयोजन होते हैं। इसमें वनवास, भरत मिलाप, रावण दहन सहित लीला मंचन शहर के विभिन्न स्थानों पर किया जाता है। जिसके चलते इस रामलीला में भी शहर के लोगाें का जुड़ाव रहता है। रामलीला समिति पदाधिकारी शिवकुमार गुप्ता ने बताया कि इस बार आयोजन में लगभग पंद्रह से बीस लाख का खर्च आएगा।
उधर, रजबन फुटबाल ग्राउंड में भी भव्य आयोजन होता है। यहां स्थानीय कलाकार ही लीला मंचन करते हैं। महामंत्री सतीश यादव ने बताया कि इस बार रामलीला मंचन में लाइट और साउंड के साथ स्टेज भी दर्शकों के लिए आकर्षण का केंद्र रहेगा। इस बार आयोजन में लगभग आठ से दस लाख का खर्च आने की संभावना हैं। उधर, महामंडलेश्वर निलिमानंद जी ने बताया कि सूरजकुंड रामलीला का मंचन बाबा मनोहरनाथ मंदिर में होता हैं। इस बार मथुरा वृंदावन के कलाकार इसमें प्रस्तुति देंगे। आयोजन में खर्च संभवत: पंद्रह से बीस लाख रहेगा। उधर, प्रह्लाद नगर और जेलचुंगी पर भी परंपरागत रुप से रामलीला मंचन किया जाएगा। इसमें भी स्थानीय कलाकार ही प्रस्तुति देंगे।
शिव बारात के साथ शुरू होगी रामलीला
सूरजकुंड पर आज बुधवार को शिव बारात के साथ रामलीला मंचन का शुभारंभ हो जाएगा। बाबा मनोहरनाथ मंदिर से यात्रा आरंभ होगी। यात्रा में मुख्य अतिथि पूर्व प्रदेश अध्यक्ष भाजपा डॉ. लक्ष्मीकांत वाजपेयी रहेंगे। गणेश रामलीला मंडल के तत्वावधान में मंचन होगा। महामंडलेश्वर निलिमानंद जी ने बताया कि यात्रा परंपरागत मार्गों से होकर गुजरेगी।