बिजनौर जिले की आठ नगर पालिकाओं और तीन नगर पंचायतों में महिला चेयरमैन का नहीं बल्कि उनके पति व बेटों का राज चलता है। ये महिला तो बस नाम की चेयरमैन हैं। उनके पति व बेटे के हुक्म के बिना नगर पालिका व नगर पंचायत में एक पत्ता भी नहीं हिलता है। नगर पालिका, नगर पंचायत में महिला चेयरमैन तो आती नहीं हैं, इनके पति व बेटे ही सारा कामकाज देखते हैं।
बिजनौर जिले में 12 नगर पालिका व छह नगर पंचायत हैं। बिजनौर नगर पालिका में रूखसाना परवीन, हल्दौर में अमर सिंह, धामपुर में राजू गुप्ता, नहटौर में फिरोजा खातून, स्योहारा में अख्तर जलील, शेरकोट से शबनम नाज, अफजलगढ़ से शहाना परवीन, नजीबाबाद में साबिया निशात, किरतपुर से अब्दुल मन्नान, नगीना से ताहिरा बेगम, नूरपुर से फरीना इरशाद, चांदपुर से फहमीदा बेगम, नगर पंचायत झालू से शहजाद अहमद, मंडावर से अफसा निगार ,बढ़ापुर से मोहम्मद आबिद, जलालाबाद से सायरा परवीन, साहनपुर से महराज अहमद और सहसपुर से हुमा खान चेयरमैन हैं।
बिजनौर नगर पालका में रूखसान परवीन के पति सपा नेता शमशाद अंसारी, नहटौर में फिरोजा खातून के बेटे राजा अंसारी, शेरकोट में शबनम नाज के पति पूर्व विधायक मोहम्मद गाजी, अफजलगढ़ में शहाना परवीन के पति सलीम अंसारी, नजीबाबाद में साबिया निशात के पति सपा नेता व पूर्व चेयरमैन मौअज्जम खां, नगीना में ताहिरा बेगम के पति सपा नेता व पूर्व चेयरमैन खलीलुर्रहमान, नूरपुर में फरीना इरशाद के पति इरशाद अली, चांदपुर में फहमीदा बेगम के पति इलियास अंसारी, नगर पंचायत मंडावर में अफसा निगार के पति सपा नेता व पूर्व चेयरमैन आसिफ उर्फ शान, जलालाबाद में सायरा परवीन के पति लियाकत अंसारी, सहसपुर से हुमा खान के पति शादुल्ला खां का पूरा दखल है। इन्हें लेकर बार-बार शिकायत भी होती हैं।