संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। जागृति विहार स्थित पारस अस्पताल के फर्जी दस्तावेज तैयार कर पांच लोगों पर कब्जा कर किराए की रकम नहीं देने का आरोप लगाया गया है। इस मामले में मेडिकल पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज जांच शुरू कर दी है।
जागृति विहार निवासी नवीन कुमार अग्रवाल ने मेडिकल थाने में तहरीर देकर बताया कि 29 अप्रैल 2023 को उन्होंने अपनी संपत्ति पारस अस्पताल को किठौर निवासी मोहम्मद खिजर को एक साल के लिए दी थी। इसका प्रतिमाह किराया 3.35 लाख रुपये था। एग्रीमेंट किया गया था। दस लाख रुपये का एक चेक जमानत राशि का भी दिया गया था। आरोप है कि गत 28 अप्रैल 2024 को खिजर ने इस संपत्ति का एक ओर फर्जी किरायानामा तैयार कर लिया। उसके हस्ताक्षर फर्जी तरीके से कर दिए गए।
इसके आधार पर आरोपी ने सीएमओ व ड्रग्स विभाग में लाइसेंस की प्रक्रिया गुपचुप पूरी कर ली। 17 अप्रैल को ही उन्होंने नरेंद्र कुमार के फर्जी हस्ताक्षर कर एक और किरायानामा तैयार कर लिया। नरेंद्र से नवीन ने मुख्तयारनामे से यह संपत्ति खरीदी थी। नरेंद्र के हस्ताक्षर फर्जी किए गए, जबकि उसकी मृत्यु 16 मार्च 2016 को हो गई थी। कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर खिजर ने अपने दोस्तों की गवाही करा ली। अब उसने इस संपत्ति पर कब्जा कर लिया है। एसएसपी काे शिकायत पर मेडिकल पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह का कहना है कि जांच के बाद मामले में सख्त कार्रवाई की जाएगी।