मेरठ में थाना परिसर में धारदार हथियार से गर्दन काटने वाले दीपक की हालत गंभीर है। प्रेमी युगल जिद पर अड़ा कि मर जाएंगे, लेकिन हम जुदा नहीं होंगे। लड़की ने खुद को बालिग बताकर आधार कार्ड की कॉपी पुलिस को दी है। जबकि परिजन उसे नाबालिग बता रहे हैं। पुलिस जांच पड़ताल में जुटी है।
सूरजकुंड निवासी दीपक का कोतवाली की लड़की से प्रेम प्रसंग चल रहा है। 20 नवंबर को दोनों घर से फरार हो गए थे जिसका मुकदमा कोतवाली थाने में दर्ज है। 23 नवंबर को युगल कोतवाली पहुंचे, जहां पर पहले से ही दोनों को परिजन मौजूद थे।
परिजनों ने जैसे ही युवती को खींचा तो प्रेमी दीपक ने खुद की गर्दन पर धारदार हथियार से वार कर दिया। इससे पहले की मामला तूल पकड़ता पुलिस ने दीपक को लहूलुहान हालत में भर्ती कराया और प्रेमिका को आशा ज्योति केंद्र में भेज दिया।
मंगलवार को दीपक की हालत गंभीर बनी हुई थी। इंस्पेक्टर कोतवाली आशुतोष कुमार ने कहा कि लड़की के 161 के बयान दर्ज कर लिए हैं। लड़की ने प्रेमी के साथ रहने की बात कही है। सीओ कोतवाली अरविंद चौरसिया ने कहा कि लड़की 16 साल की है। उसके कोर्ट में 164 के बयान भी हो गए हैं। जिसका अवलोकन होना बाकी है। दीपक भी प्रेमिका को साथ ले जाने की जिद कर रहा है। लड़की नाबालिग है, जिसके चलते पुलिस प्रेमी को जेल भेजेगी।
मंदिर में हुई थी मुलाकात
पुलिस के अनुसार दो साल पहले ईव्ज चौराहे के पास मंदिर में दोनों की मुलाकात हुई थी। तभी से दोनों का आपस में मिलना-जुलना शुरू हुआ। पुलिस सभी बिंदुओं पर जांच पड़ताल कर आगे की कार्रवाई सुनिश्चित करेगी।
कोतवाली से पहले नौचंदी थाने पहुंचे थे युगल
कोतवाली से पहले प्रेमी युगल नौचंदी थाने पहुंचे थे। जहां पर पुलिस ने उनसे कहा था कि मामला कोतवाली का है, वहीं पर जाइए। कोतवाली थाने में लड़की की बरामदगी को लेकर दोनों ही परिवार के लोगों में बातचीत चल रही थी। सीओ कोतवाली के ऑफिस में बैठकर बात हो रही थी। इस दौरान ही युगल थाने में पहुंच गया।
मुस्कान को पकड़ते ही बेकाबू हो गया दीपक
पुलिस ने बताया कि कोतवाली में पहले लड़की ही आई थी। जबकि दीपक थाने से कुछ दूर पहले ही छुप गया था। लड़की को देखते ही उसके परिजनों ने लड़की को पकड़ लिया था। लड़की चिल्लाई तो दीपक बेकाबू हो गया। दीपक ने पहले तो मुस्कान को छुड़ाने का प्रयास किया और फिर खुद की गर्दन पर वार कर लिया।
आखिर माजरा क्या... परिजन भी नहीं मिलने दिए
हॉस्पिटल में भर्ती घायल दीपक का पहरा दो पुलिसकर्मी दे रहे हैं। पुलिसकर्मियों को सख्त निर्देश कि किसी को दीपक से मिलने नहीं देना है। उसकी मां पुलिस के सामने गिड़गिड़ाती रही कि एक बार वह अपने बेटे को देखना चाहती है। दो दिन से वह अपने बेटे से मिलने के परेशान है। चर्चा यह भी है कि दीपक को किसी दूसरे ने चाकू मारा है।
पुलिस के सामने हुआ दीपक पर हमला
गढ़ रोड पर न्यूट्रिमा हॉस्पिटल में दीपक आईसीयू वार्ड में भर्ती है। डॉक्टर और स्टाफ कह रहे हैं कि न जाने पुलिस घायल का पहरा क्यों दे रही है। मां ने कहा कि दीपक जब खुद प्रेमिका को लेकर थाने पहुंचा था तो उसे खुद की गर्दन पर वार करने की जरूरत क्या थी। चर्चा तो यह भी है कि प्रेमिका को छुड़ाने के दौरान परिजनों ने पुलिस की मौजूदगी में दीपक पर हमला किया है।
पुलिस ने कह, चर्चाएं गलत
हालांकि पुलिस ने साफ कहा है कि चर्चा गलत है। दीपक ने खुद ही अपनी गर्दन पर धारदार हथियार से हमला किया। घायल होने के बाद पुलिस ने उसका वीडियो भी बनाया था जोकि सुरक्षित है। सीओ कोतवाली अरविंद चौरसिया का कहना कि घायल दीपक नामजद आरोपी है। हालत में सुधार होते ही उसको कोर्ट के समक्ष पेश किया जाएगा। आरोपी पुलिस कस्टडी में है।
देररात लड़की परिजनों को सुपुर्द
सीओ कोतवाली का कहना है कि लड़की ने जान का खतरा बताया था, साथ ही परिजनों के साथ जाने की सहमति भी जता दी थी। इसके बाद लड़की और उसके परिजनों की पुलिस ने वीडियोग्राफी की। बाद में लड़की को परिजनों की सुपुर्दगी में दे दिया गया।