सरधना तहसील सभागार में जन समसयाएं सुनते एडीएम सुभाषचंद प्रजापति व एसडीएम अमित कुमार भारतीय।
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मवाना/सरधना(मेरठ)। तहसील समाधान दिवस में एडीएम प्रशासन मदन सिंह गब्रयाल और एसपी देहात अविनाश पांडेय ने लोगों की समस्याएं सुनीं। उन्हाेंने संबंधित विभाग के अधिकारियों को निस्तारण के आदेश दिए। लोगों को एंटीजन किट से जांच के बाद ही प्रवेश दिया गया। कुल 11 शिकायतें आईं, इनमें से चार का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। वहीं सरधना तहसील में कुल 58 शिकायतें आईं, इनमें से 1 का समाधान हो सका।
कोरोना के चलते मार्च से तहसील समाधान दिवस बंद था। 6 माह बाद मंगलवार को तहसील समाधान दिवस का शुभारंभ हुआ। इसमें एडीएम प्रशासन मदन सिंह गब्रयाल और एसपी देहात अविनाश पांडेय ने समस्याएं सुनीं। इसमें अलीमुद्दीन फलावदा ने साप्ताहिक पैंठ शुरू कराने, फतेह सिंह रठौरा कला ने बैंक ऋण पर ब्याज से राहत दिलाने, सूरज अहमदनगर बढ़ला तालाब के पास लगे सरकारी पेड़ों को बचाने, नरेश देवी मवाना खुर्द ने निराश्रित महिलाओं के राशन कार्ड बनवाने, शेषपाल बस्तौरा ने उसके दो बेटों को चोरी के आरोप में थाने पर बैठाने के संबंध में शिकायत की।
एडीएम तथा एसपी देहात ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को समस्याओं को प्राथमिकता के आधार शीघ्र निस्तारण करने के आदेश दिए। वहीं तहसील दिवस में मात्र 23 शिकायतें आईं। इसमें से मौके पर 4 का ही निस्तारण हो सका। इसमें राजस्व की 7, पुलिस विभाग की 3, विकास 1, शिक्षा की 1 तथा अन्य विभागों की 11 शिकायतें आई। इस मौके पर एसडीएम, तहसीलदार आदि उपस्थित रहे।
एसडीएम ने सुनी समस्या
सरधना। सरधना तहसील सभागार में एडीएम सुभाषचंद प्रजापति, एसडीएम अमित कुमार भारतीय ने जन समस्साएं सुनीं। सबसे अधिक शिकायतें राजस्व एवं पुलिस विभाग से संबंधित आईं। संबधित विभागों के अधीनस्थ कर्मचारियों को शिकायतों के निस्तारण के लिए निर्देशित किया। शिकायतों में लोकप्रिय रोड निवासी अंकुर गुप्ता ने बच्चा श्मशान की भूमि में हो रहे जलभराव की निकासी के लिए नाली निर्माण की मांग की। बड़कली निवासी राजसिंह ने चकरोड कब्जा मुक्त कराने की मांग की। अझौता निवासी रतन सिंह ने चकरोड कब्जा मुक्त कराने की मांग की।