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अल्ट्रासाउंड मशीन

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अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर फंसा डॉक्टरों का पेंच
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मुजफ्फरनगर। अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर चिकित्सकों की तैनाती पर एक बार फिर पेंच फंसता दिख रहा है। अनुभवी चिकित्सकों की परीक्षा लटक गई है, जिसके चलते विभागीय अफसर भी हैरान है। दरअसल, अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर रेडियोलॉजिस्ट चिकित्सक तैनात होना जरूरी है, यहां ऐसा नहीं है। अधिकांश के केंद्रों पर नॉन रेडियोलॉजिस्ट चिकित्सक है। इनकी राज्य सरकार को परीक्षा लेनी थी। उसके बाद ही गैर रेडियोलॉजिस्ट चिकित्सक अल्ट्रासाउंड करने के लिए मान्य ठहराए जा सकते हैं।
स्वास्थ्य विभाग के रिकार्ड में 84 अल्ट्रासाउंड केंद्र संचालित है, जिन पर गर्भवती महिला के साथ अन्य मरीजों का अल्ट्रासाउंड किया जाता है। केंद्रों पर प्रत्येक मरीज का रिकार्ड सुरक्षित रखना होता है। हाल ही में जिले में करीब 20 से अधिक अल्ट्रासाउंड केंद्रों की रिन्युवल किया गया है। अब समस्या यह खड़ी हो गई है कि बिना रेडियोलॉजिस्ट रखे अल्ट्रासाउंड केंद्र नहीं चलाया जा सकता है। उसी के नाम पर मशीन का पंजीकरण होगा। जनपद में चल रहे केंद्रों में 20 फीसदी के पास भी रेडियोलॉजिस्ट नहीं है। आपत्ति आने के बाद विभागीय अफसरों ने सक्रियता दिखाई है। दरअसल, केंद्र सरकार ने वर्ष 2016 में आदेश जारी किया था। जिसमें साफ था कि नॉन रेडियोलॉजिस्ट चिकित्सक अल्ट्रासाउंड करने के लिए मान्य नहीं है, जबकि जो चिकित्सक (एबीबीएस हो या अन्य मेडिकल डिग्री) को अनुभव के आधार पर छूट होगी, मगर इससे पहले वह एक परीक्षा से गुजरेगा। यह परीक्षा पीसीपीएनडीटी एक्ट के नियम पर होगी। इसके लिए केंद्र सरकार ने प्रदेश सरकार को वर्ष 2016 के दिसंबर तक परीक्षा कराने के आदेश दिए थे, मगर यह परीक्षा नहीं हो सकी है। अब अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर नॉन रेडियोलॉजिस्ट के कार्य करने पर आपत्ति उठाई गई है, क्योंकि विभाग ने अधिकांश अल्ट्रासाउंड केंद्रों का रीन्युवल कर दिया है, लेकिन चिकित्सकों की जांच नहीं कराई गई। इसको लेकर पीसीपीएनडीटी एक्ट के नोडल अधिकारी डॉ एसके अग्रवाल, सीएमओ डॉ पीएस मिश्रा ने शासन को इस संबंध में पत्र भेजा है। जिसमें कहा गया है कि अनुभव वाले चिकित्सकों को अल्ट्रासाउंड करने के लिए वैध माना जाए या इन्हें हटाया जाए। साथ ही परीक्षा का भी हवाला दिया गया है। उसके बाद ही गैर रेडियोलॉजिस्ट चिकित्सक के अल्ट्रासाउंड पर कार्य करने को हरी झंडी मिल सकती है।
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गर्भवती महिला का रखा जाए रिकार्ड
मुजफ्फरनगर। अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर चेकअप करने के लिए गर्भवती महिलाओं का रिकार्ड पूरी तरह से सुरक्षित रखना होगा। महिला का आधार कार्ड, उसका मोबाइल नंबर आदि भी अब सुरक्षित करना होगा, ताकि जांच के दौरान इन्हें ट्रैस किया जा सके। इसके लिए नोडल अधिकारी ने सभी केंद्रों को निर्देश दिए हैैं।
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