- चौराहों पर तैनात की गई क्यूआरटी, आतंकी हमले के बाद अलर्ट
मेरठ। जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में हुए आतंकी हमले को देखते हुए सेना ने कैंट क्षेत्र में अलर्ट जारी कर दिया है। बृहस्पतिवार रात से ही सेना की क्विक रिस्पांस टीमें चौकसी कर रही हैं। कैंट के तमाम इलाकों में शुक्रवार को दिन और रात में सेना के जवानों ने गश्त की।
मेरठ कैंट सुरक्षा के मद्देनजर बेहद संवेदनशील है। यहां पर पहले आईएसआई के कई जासूस पकड़े जा चुके हैं। कुछ महीने पहले ही सेना का एक सिग्नलमैन भी जासूसी के आरोप में पकड़ा गया था। आईएसआई उससे मेरठ और जम्मू के बारे में सूचनाएं देने को कह रहीं थी। इस लिहाज से मेरठ कैंट दूसरी छावनियों से ज्यादा संवेदनशील है। इसके चलते शुक्रवार को कैंट क्षेत्र के गांधी बाग और रुड़की रोड पर सेना के जवान मुस्तैद रहे। रुड़की रोड से गुजरने वाले संदिग्ध वाहनों की चेकिंग की गई।
गांधी बाग के पास कंकरखेड़ा की ओर जाने वाले मार्ग पर भी सेना के जवान तैनात रहे। रामताल वाटिका, वेस्ट एंड रोड, शोभापुर क्षेत्र में भी चौकसी बढ़ा दी गई है। वहीं, सैन्य क्षेत्र में पड़ने वाले स्कूलों की छुट्टियों के समय भी सेना ने चौकसी बरती। शाम को आबूलेन, लालकुर्ती सहित अन्य मुख्य बाजारों में भी सेना की क्यूआरटी ने गश्त की। रात को भी कैंट इलाके में गश्त बढ़ा दी गई है। माल रोड और डोगरा मंदिर के पास क्यूआरटी लगाई गई है। हालांकि इन क्षेत्रों में सेना के जवान पहले से भी तैनात रहते हैं लेकिन पुलवामा में हमले के बाद गश्त बढ़ाई गई है। कैंट क्षेत्र के जितने भी स्कूल हैं, उनके आसपास सेना के साथ ही थाना पुलिस को भी चेकिंग करने के आदेश दिए गए हैं।