दो दिवसीय प्रादेशिक खेलकूद प्रतियोगिता संपन्न
हस्तिनापुर।
सरस्वती शिशु विद्या मंदिर में चल रही दो दिवसीय प्रादेशिक खेलकूद प्रतियोगिता सोमवार को संपन्न हुई। विद्या भारतीय द्वारा आयोजित खेलकूद प्रतियोगिता में पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों के छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। जिसमें मुरादाबाद संभाग ने प्रथम स्थान प्राप्त किया।
यहां छात्र-छात्राओं ने दौड़, कूद, भाला फेंक, कुश्ती आदि प्रतियोगिताओं में भाग लिया। जिसमें मुरादाबाद संभाग ने प्रथम, गाजियाबाद ने द्वितीय एवं मेरठ ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। कार्यक्रम की शुरूआत समाजसेवी आजाद बंसल द्वारा मां सरस्वती के चित्र के समक्ष द्वीप प्रज्ज्वलित करके की गई। इस अवसर पर छात्र-छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति देकर उपस्थित जनसमूह का मन मोह लिया। कार्यक्रम में अतिथि क्षेत्रीय विधायक दिनेश खटीक ने उपस्थित खिलाड़ियों को प्रोत्साहित कर कहा कि तन-मन स्वस्थ रखने के लिए पढ़ाई के साथ खेलकूद भी आवश्यक है। विद्या भारती द्वारा संचालित विद्यालयों में इस प्रकार की खेलकूद प्रतियोगिताएं छात्र-छात्राओं के सर्वांगीण विकास में सहायक हैं। आधुनिकता के दौर में बच्चे पढ़ाई के प्रति अधिक झुकाव रखते हुए शारीरिक गतिविधियों में कम रूचि ले रहे हैं। यह चिंता का विषय है। कार्यक्रम की अध्यक्षता दीपक राजवंशी ने की। विशिष्ट अतिथि अभयवीर गर्ग एवं भूपेन्द्र त्यागी ने खिलाड़ियों को पुरस्कार वितरण कर उनका उत्साहवर्द्धन किया। यहां प्रदेश निरीक्षक कमल कुमार, योगेंद्र, रविंद्र सिंह, यशपाल, विद्यासागर जैन, हरजीत साहनी, अनुज शर्मा, सोमनाथ पपनेजा, अमर सिंह, राजीव, रविंद्र कुमार, सुबोध कुमार, सविता, नीतू आदि का सहयोग रहा।
ताइक्वांडो में अव्वल तनु का सम्मान
हस्तिनापुर। राजकीय बालिका इंटर कॉलेज की कक्षा नौ की छात्रा तनु ने 38-42 किग्रा भार वर्ग में जनता इंटर कॉलेज जहांगीराबाद बुलंदशहर में आयोजित अंतर माध्यमिक विद्यालयों की ताइक्वांडो प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पाया। इस अवसर पर जीजीआईसी की प्रधानाचार्या रीना एवं क्रीड़ा प्रभारी बबीता ने छात्रा तनु को पुरस्कार देकर सम्मानित किया। प्रतियोगिता में प्रदेश के 18 मंडल के माध्यमिक विद्यालयों में भाग लिया। इसमें तनु ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। इस अवसर पर प्रधानाचार्या रीना ने कहा कि शिक्षणेत्तर प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग कर छात्राओं को शिक्षण के साथ-साथ अन्य गतिविधियों की भी जानकारी होती है। इससे बच्चों का मानसिक एवं शारीरिक विकास भी होता है। अन्य छात्राओं को भी इससे प्रेरणा लेकर खेलकूद प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग करना चाहिए। उन्होंने कहा कि ताइक्वांडो महिला सुरक्षा के लिए एक उत्तम खेल है। इसे सीखकर बालिकाएं शारीरिक रूप से सक्षम होकर विपरीत परिस्थतियों में किसी से मुकाबला करने के लिए तत्पर रह सकती हैं। इस अवसर पर विद्यालय की समस्त शिक्षिकाएं एवं स्टाफ उपस्थित रहा।