मेरठ। पीवीवीएनएल ने इंजीनियरों की कार्यकुशलता व दक्षता बढ़ाने के लिए फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर ऑफ कामर्स एंड इंडस्ट्री नई दिल्ली (फिक्की) एवं ब्यूरो आफ एनर्जी एफिसियंसी (बीईई) की मदद लेनी शुरू कर दी है। बृहस्पतिवार को मानव संसाधन विकास केंद्र में शुरू हुई तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यशाला का शुभारंभ पीवीवीएनएल एमडी पवन कुमार ने किया। कार्यक्रम में पहुंचे फिक्की और बीईई के विशेषज्ञों ने इंजीनियरों को न केवल डिमांड साइड मैनेजमेंट की महत्ता एवं उपयोगिता के बारे में जानकारी दी बल्कि इसके संपूर्ण ज्ञान के लिए उचित सामग्री का भी वितरण किया।
पीवीवीएनएल ने अपने नव नियुक्त व पुराने अधिकारियों व कर्मचारियों को प्रशिक्षण देने व उन्हें समय-समय पर होने वाले तकनीकी परिवर्तनों की जानकारी देने के लिए मानव संसाधन विकास सेंटर की स्थापना की है। सेंट लुक्स बिजलीघर पर बने इस सेंटर में प्रशिक्षण कार्यक्रम चलते रहते हैं। जेई से लेकर अधिशासी अभियंता स्तर के अधिकारियों को विद्युत का अधिक उत्पादन, तकनीकी क्षमता को बढ़ाने, एटीएस लॉस, लाइन लॉस, एनर्जी अकाउंटिंग और ट्रांसफार्मर लोडिंग आदि के बारे में विस्तार से जानकारी के लिए फिक्की और बीईई के विशेषज्ञों को आमंत्रित किया गया है। तीन दिन तक चलने वाले प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ बृहस्पतिवार को कंपनी एमडी पवन कुमार ने किया। फिक्की के वरिष्ठ निदेशक एमए पाटिल ने म्यूंसिपल डीएसएम एंड एग्रीकल्चर डीएसएम एनर्जी अकाउंटिंग केस स्टडी पर प्रशिक्षण दिया। एनपीटीआई कार्यकारी निदेशक ने डायग्नोसिस ऑफ डिस्ट्रिब्यूशन सिस्टम टू रिड्यूस लोसेस विषय पर प्रशिक्षण दिया। इस मौके पर निदेशक तकनीकी राजकुमार, निदेशक कार्मिक यतीश वत्स, मुख्य अभियंता एसके वर्मा, एनके अरोड़ा, फिक्की के एडिशनल डायरेक्टर एमएन गिरीश, आईपी सिंह, प्रवीण कुमार, राजीव माहेश्वरी, सुधीर भारती, एपीआरओ एचके सिंह आदि मौजूद रहे।
खास बात
पीवीवीएनएल की ओर से तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू