दौराला- चिरौड़ी गांव में बरात घर के कमरों के बाहर फर्श की जगह तालाब से निकले कीचड़ से किया गया
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दौराला। दो साल पहले निर्धन कन्याओं के विवाह के लिए चिरौड़ी गांव में बरात घर का 12.15 लाख रुपये की लागत से निर्माण कराया गया था। दावा किया गया था कि चिरौड़ी गांव व उसके आसपास के गांवों की बेटियों का विवाह बरात घर में संपन्न कराया जाएगा। बरात घर का निर्माण किया गया लेकिन परिसर का फर्श अब तक अधूरा है। इसके चलते आज तक यहां शहनाई नहीं गूंज सकी है।
ग्रामीणों की मांग पर पूर्व सांसद डॉ. संजीव बालियान ने चिरौड़ी गांव में सांसद निधि वर्ष 2022-23 के अंतर्गत बरात घर का निर्माण कराया गया था। बरात घर का निर्माण 12 जुलाई 2023 को ग्रामीण अभियंत्रण विभाग मेरठ ने शुरू किया था और तीन माह में निर्माण पूरा करना था। बरात घर बनकर तैयार हो गया लेकिन बरात घर परिसर के फर्श निर्माण नहीं किया गया। आज तक बरात घर के कमरों के बाहर फर्श का निर्माण नहीं किया गया। आलम यह है कि बरात घर के कमरों के बाहर फर्श निर्माण कराने के बजाय तालाब की सफाई के दौरान निकले कीचड़ से उसका भराव कर दिया गया है।
लटका है ताला, ग्रामीण परेशान
बरात घर बनने के बाद विधायक अतुल प्रधान ने अपनी निधि से चारों ओर दीवार खड़ी कराई थी। लेकिन बरात घर पर ताला लटका होने व फर्श निर्माण न होने के कारण गांव की बेटियों का विवाह यहां नहीं हो पा रहा है। इससे उनके परिजनों को आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीण अजय, विकास का कहना है कि वह जल्द इस संबंध में जिलाधिकारी से मुलाकात कर समस्या को रखेंगे। बरात घर खुलना चाहिए ताकि ग्रामीणों को इसका लाभ मिल सके।
बरात घर की सुपुर्दगी अभी मुझे नहीं मिली है। अभी बरात घर में काफी काम होने हैं। जल्द वह इस समस्या को अधिकारियों के समक्ष रखेंगे। जिससे बरात घर का लाभ ग्रामीणों को मिल सके।
नरेशपाल, ग्राम प्रधान चिरौड़ी