मऊ। देवश्री न्यास के तत्वावधान में नगर स्थित डीसीएसके पीजी काॅलेज के प्रांगण में चल रहा दो दिवसीय अखिल भारतीय भोजपुरी साहित्य संगम शुक्रवार की शाम संपन्न हो गया। इस दौरान मुख्य अतिथि जननायक चंद्रशेखर विश्वविद्याल की कुलपति प्रो. संजीव गुप्ता ने कहा कि लोक में जो घटित हुआ है वही हमारी विरासत और पहचान है। जब हम अपनी बोली में बात करते हैं तो आत्मीय रूप से जुड़ते हैं। इस दौरान जीवन लाल और उनके साथियों द्वारा धोबिया लोक नृत्य एवं आनंद चौहान और उनके साथियों द्वारा गोड़ऊ लोक नृत्य की मनमोहक प्रस्तुति की गई।
लोक रंगोत्सव का शुभारंभ मुख्य अतिथि जननायक चंद्रशेखर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. संजीव गुप्ता, विशिष्ट अतिथि एलएस काॅलेज के भोजपुरी विभाग के अध्यक्ष प्रो. जयकांत सिंह, कार्यक्रम के संयोजक प्रो.शर्वेश पांडेय सहित अन्य अतिथियों ने मां वाग्देवी की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलित कर किया।
शिवांशी, तान्या, नीशू की टीम ने सरस्वती वंदना पर नृत्य प्रस्तुत किया। देवश्री न्यास ने एक अच्छी परंपरा की शुरुआत करते हुए समाज के विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले जनपद के चार लोगों को देवश्री न्यास अलंकरण से अलंकृत किया गया। भोजपुरी के वरिष्ठ कवि पं.दयाशंकर तिवारी को भोजपुरी साहित्य के क्षेत्र में, जनपद के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ.गंगासागर सिंह को चिकित्सा के क्षेत्र में, आनंद प्रताप सिंह को पर्यावरण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
विशिष्ट अतिथि प्रो.जयकांत सिंह ने बताया कि भोजपुरी लोकजीवन का सांस्कृतिक पक्ष बहुत मजबूत है। संचालन प्रो.सीपी राय ने तथा धन्यवाद ज्ञापन आनंद प्रताप सिंह ने किया। इस अवसर पर मुख्य रूप से सह संयोजक डॉ. कमलेश राय, प्रो.कंचन राय, देवेश राय, सचिन्द्र सिंह, ब्रजमोहन पांडेय, प्रो.उदय प्रताप सिंह, प्रो. ब्रजभूषण आदि उपस्थित रहे।