मऊ। घोसी तहसील के अमिला गांव से होकर निकली सड़क का गलत नक्शा चकबंदी विभाग के अधिकारियों द्वारा बनाए जाने से नाराज ग्रामीणों ने मतदान के बहिष्कार करने की चेतावनी दी है। ग्रामीणों ने मंगलवार को खनिगह गांव के बाहर चुनाव के बहिष्तकार लिखी तख्तियां लेकर प्रदर्शन किया। अमिला गांव के लगभग पांच सौ किसानों का कहना था कि उनके चक गलत बना दिए गए हैं।
किसानों ने नक्शा सुधरवाने के लिए चकबंदी विभाग से लेकर जिलाधिकारी और चकबंदी आयुक्त तक गुहार लगाई। लेकिन गांव का नक्शा और किसानों के चकों को दुरुस्त नहीं किया गया। अमिला ग्राम पंचायत 18 पुरवों के किसानों के चक प्रभावित हो गए हैं। प्रदर्शनकारी किसानों का कहना था कि गांव के किसानों की समस्या का समाधान नहीं किया गया तो विधान सभा चुनाव का बहिष्कार किया जाएगा। किसानों का कहना था कि गांव के के लगभग पांच सौ मतदाता वोट करने नहीं जाएंगे।
प्रदर्शनकारी किसानों का कहना था कि ग्राम पंचायत निवासी महातम राय, अशोक राय, श्यामपति राय, अजय कुमार राय आदि किसानों के खेतों का नक्शा गांव में चल रही चकबंदी प्रक्रिया के दौरान गलत बना दिया गया। आरोप लगाया कि अधिकारियों ने चकबंदी कर्मचारियों से रिपोर्ट मांगी तो कर्मचारियों ने गलत रिपोर्ट दे दी। किसानों ने चकबंदी आयुक्त को प्रार्थनापत्र देकर नक्शा दुरुस्त कराने की शिकायत किया। चकबंदी आयुक्त ने तीन महीने के अंदर प्रकरण निपटाने का आदेश उप संचालक चकबंदी को दिया। लेकिन वर्ष 2013 से लेकर अब तक आठ सालों में चकबंदी आयुक्त तथा उच्च न्यायालय के आदेशों का अनुपालन करने की जरूरत नहीं समझी।
यह प्रकरण अभी अनसुलझा ही रह गया। इन किसानों में देश की आजादी के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर कर देने वाले स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्व.झारखंडे राय के वंशज भी हैं। प्रदर्शन करने वालों में बृजेश सिंह, डा. अशोक राय, पलटन सिंह, श्रीराम सिंह, राजवत सिंह, गोबरी सिंह, झिनकू सिंह, ज्ञानचंद सिंह, गरीब सिंह, सदाफल सिंह, फौजदार सिंह, जानकी प्रसाद, लालजी सिंह, अभिषेक, सिंह, अभिषेक चंद्र,सुनील कुमार आदि रहे।