जिसे यूपीडा ने तोड़ वहां मेजर ब्रीज बना दिया है। ग्रामीणों का कहना है कि वो लोग खेती किसानी के लिए मेजर ब्रिज का प्रयोग तो नहीं कर पाएंगे। ऐसे में भैसही नदी पर तोड़े गए पुल का निर्माण यूपीडा कराए, ताकि उनकी खेती किसानी का कार्य प्रभावित न हो।
ग्रामीणों को जानकारी होते ही शनिवार की सुबह सात बजे सैकड़ों की संख्या में निर्माण स्थल पर पहुचकर भैसही नदी पर हो रहे निर्माण कार्य को रोकवा दिया। साथ ही सामान लेकर गुजर रहे, वाहनों को रोक कर प्रदर्शन किया। काम रोके जाने पर कर्मचारियों ने यूपीडा के अधिकारियों को अवगत कराया।
लगभग दो घंटे बाद यूपीडा के सीनियर इंजीनियर रितिक कुमार सिंह मौके पर पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों से वार्ता कर मामले को अपने उच्च अधिकारियों को अवगत कराया। ग्रामीणों ने रितिक कुमार सिंह को ज्ञापन सौपा। रितिक कुमार सिंह ने कहा कि ग्रामीणों की मांग को उच्च अधिकारियों को अवगत करा दिया गया है।
शीघ्र ही मामले का निस्तारण होगा। रितिक के आश्वासन पर ग्रामीण शांत हुए। ग्रामीणों का कहना है कि यदि हम लोगो की मांग पूरी नही हुई तो हम लोग धरना प्रदर्शन कर काम बंद कराएंगे। विरोध प्रदर्शन करने में रेमी यादव, राकेश यादव, ब्रहमदेव यादव, बिजेंद्र यादव, मुकेश कुमार, रामबिलास, गुड्डू, महाबीर, रामानंद, बिजय, बिरेन्द्र, सुफेर राम, अजय, संजय, सूरज सहीत सैकड़ों ग्रामीण उपस्थित रहे।