यूपी बोर्ड की उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन आखिर
शुक्रवार से शुरू हो गया। माध्यमिक शिक्षक संघ के एक गुट की हड़ताल खत्म
होने से पांचवें दिन मूल्यांकन हुआ। हालांकि वित्तविहीन शिक्षक संघ सहित कई
शिक्षक संगठनों की हड़ताल अब भी जारी है। इससे सभी मूल्यांकन केंद्रों पर
परीक्षकों की संख्या काफी कम रही। ऐसे में निर्धारित शेड्यूल के भीतर कापी
जांचने की प्रक्रिया पूरी होने पर संशय है।
बोर्ड परीक्षा के
उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन के लिए जिले में चार मूल्यांकन केंद्र बनाए
गए हैं। नगर में दो तथा मधुबन, मुहम्मदाबादगोहना में एक-एक बनाए गए हैं।
बोर्ड की ओर से कापी जांचने के लिए 30 मार्च से 15 अप्रैल तक शेड्यूल जारी
किया गया था। इसके लिए 2167 परीक्षकों तथा 228 डिप्टी हेड की तैनाती की गई।
लेकिन माध्यमिक शिक्षकों की हड़ताल की वजह से मूल्यांकन तय समय पर शुरू
नहीं हुआ। अब माध्यमिक शिक्षक संघ के एक गुट की हड़ताल समाप्त हो गई है।
हालांकि अब भी कई शिक्षक गुट मूल्यांकन से दूरी बनाए हुए हैं।
शहीद
इंटर कालेज मधुबन में 550 के सापेक्ष 150 परीक्षक आए। यहां 28 टोलियां बनाई
गई थी।
इसी तरह टाउन इंटर कालेज में 550 के सापेक्ष 300 परीक्षकों ने
कापी जांचने का काम शुरू किया। यहां 30 टोलियां बनाई गई थी। जबकि नोमानी
इंटर कालेज में 527 के सापेक्ष 116 परीक्षक आए। 43 टोली बनाई गई थी। इसी
क्रम में डीएवी इंटर कालेज में 582 के सापेक्ष 200 परीक्षक आए। यहां 40
टोलियां बनाई गई थी।
इस संबंध में डीएवी इंटर कालेज के प्रधानाचार्य
देवभाष्कर तिवारी ने बताया कि मूल्यांकन कार्य शुरू हो गया है। निर्धारित
शेड्यूल के अंदर कापी जांचने की प्रक्रिया पूरी कर लेने का प्रयास जारी
रहेगा।
नोमानी इंटर कालेज के प्रधानाचार्य उस्मान अली ने बताया कि एक दो
दिन में सभी शिक्षकों के आ जाने की उम्मीद है। निर्धारित शेड्यूल के अंदर
कापी जांचने का काम पूरा करने का प्रयास जारी है।
इसी तरह टाउन इंटर कालेज
मुहम्मदाबादगोहना के प्रधानाचार्य सत्रजीत सिंह का कहना है कि वित्तविहीन
शिक्षक शिक्षक संघ तथा माध्यमिक शिक्षक संघ की हड़ताल के चलते परीक्षकों की
संख्या कम रही।