नाइट कर्फ्यू लगने के बाद बुधवार की रात 9.15 बजे नगर के आजमगढ़ मोड़ पर पसरा सन्नाटा,घर जाते ठेले वाले।
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मऊ। बढ़ते कोरोना संक्रमण और लोगों में व्याप्त लापरवाही को देखते हुए जिलाधिकारी अमित सिंह बंसल ने बुधवार की रात को आखिरकार नाइट कर्फ्यू का ऐलान कर ही दिया। प्रशासन के आदेश का परिणाम रहा कि पहले दिन रात को रोडवेज को छोड़ सड़क पर सन्नाटा दिखा। रोडवेज पर खुली दुकानों को पुलिस ने बंद कराया।
रात को नौ बजे शहर का सबसे अति व्यस्ततम इलाका गाजीपुर तिराहे पर रात के नौ बजे पूरी तरह से सन्नाटा दिखा, सन्नाटे को गुजरने वाले वाहन तोड़ते नजर आए। इसके बाद सवा नौ बजे आजमगढ़ मोड़ जो शहर का व्यस्त से भी व्यस्त क्षेत्रों में से एक है, वहां पर भी सन्नाटा पसरा था। आजमगढ़ मोढ़ से लगे सब्जी मंडी, जहां देर रात 11 बजे तक दुकाने खुलती है, बुधवार की रात को सभी दुकानें बंद नजर आई। इस दौरान ठेले वाले अपने घर को जाते दिखे। आम तौर पर ठेला पर सब्जी बेचने वाले देर रात तक घुमते नजर आते है, लेकिन बुधवार को सभी नौ बजते ही घर का रुख किए। रात के नौ बीस बजे रोडवेज पर पुलिस दुकानों को बंद कराती नजर आई। वहीं 9:30 बजे नगर के बाल निकेतन रेलवे क्रॉसिंग बंद होने के कारण लोगों की काफी भीड़ एकत्र थी, क्योंकि क्रासिंग बंद होने से सभी रुके थे। लेकिन सभी के मुंह पर मास्क था। नौ चालीस बजे नगर के सिंधी कॉलोनी पर सारी दुकानें बंद रहीं, वहां सन्नाटा पसरा था, जबकि आम दिनों में यहां की दुकानें रात को 12 बजे तक खुली रहती है। नगर के सदर चौक पर 9:50 पर सन्नाटा पसरा था, एकाध व्यक्ति सड़क पर आते जाते दिखे। इसबीच रात को 10 बजे नाइट कर्फ्यू का अनुपालन कराने के लिए पुलिस की गशत दिखी। नगर के संस्कृत पाठशाला चौकी के बाहर चौकी प्रभारी मय पुलिसकर्मी के मौजूद थे। इतना ही नहीं नाइट कर्फ्यू की घोषणा के बाद रात को खुद जिलाधिकारी अमित सिंह बंसल और पुलिस अधीक्षक सुशील घुले शहर का चक्रमण करते दिखे। उनके काफिले में काफी संख्या में पुलिसकर्मी भी थे। इस दौरान नगर के मिर्जाहादी का पुरा तिराहे पर उन्होंने नगर पालिका अध्यक्ष मोहम्मद पालकी से भी कोरोना संक्रमण के बीच लोगों को घरों में रहने की अपील करने की बात कही।