मऊ। जिले के परिषदीय विद्यालयों से बर्खास्त शिक्षकों से वेतन रिकवरी की जाएगी। बेसिक शिक्षा विभाग ने 12.46 करोड़ रुपये वेतन रिकवरी के लिए 32 फर्जी शिक्षकों को नोटिस जारी किया है। बीएसए ने 15 दिन का समय दिया है। 31 जुलाई तक धन जमा न करने पर कुर्की की कार्रवाई की जाएगी।
ब्लाकों के परिषदीय विद्यालयों में कूटरचित दस्तावेजों के सहारे नौकरी करने वाले फर्जी शिक्षकों की जिला बेसिक शिक्षा विभाग की तरफ से बर्खास्तगी की जा चुकी है। संबंधित थानों में एफआईआर दर्ज कराया जा चुका है। नियम के मुताबिक फर्जी शिक्षकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के बाद विभाग की ओर से वेतन रिकवरी की फाइल तैयार की जाती है। शासन के निर्देश पर बेसिक शिक्षा विभाग की तरफ से बर्खास्त शिक्षकों को लिए गए वेतन को जमा करने का निर्देश दिया गया था। लेकिन किसी ने अभी तक जमा नहीं किया है। ऐसे में 32 बर्खास्त शिक्षकों से वेतन रकिकवरी की कार्रवाई बेसिक शिक्षा विभाग ने शुरू कर दी है। अब तक 32 शिक्षकों से वेतन रिकवरी की फाइल तैयार कर नोटिस जारी की गई है। इन फर्जी शिक्षकों ने 12.46 करोड़ रुपये का वेतन भुगतान लिया है। जांच पड़ताल में बेसिक शिक्षा विभाग को कूटरचित दस्तावेजों के सहारे नौकरी करने वाले 42 फर्जी शिक्षकों को बर्खास्त किया जा चुका है। दर्जनों शिक्षकों के खिलाफ जांच चल रही है। बीएसए ओपी त्रिपाठी ने बताया कि 32 बर्खास्त शिक्षकों ने 12.46 करोड़ रुपये का वेतन भुगतान लिया है। वेतन जमा करने के लिए 15 दिन का समय दिया गया है। निर्धारित समय तक वेतन जमा न करने पर कुर्की की कार्रवाई की जाएगी।